झांसी। ऑल इंडिया बैंक ऑफीसर्स कंफेडरेशन (एआईबीओसी) के आह्वान पर लंबित वेतन समझौते के विरोध में बैंक के अधिकारी व कर्मचारी हड़ताल पर रहे। बैंक कर्मियों ने ध्यानचंद स्टेडियम के सामने स्थित एसबीआई की मुख्य शाखा पर धरना-प्रदर्शन किया। यहां सभा भी हुई। बैंक में क्लीयरिंग हाउस ठप होने से लगभग 15 करोड़ रुपये का लेनदेन प्रभावित हुआ।
स्टेट बैंक अधिकारी संघ के क्षेत्रीय सचिव सुशील तिवारी ने सभा में कहा कि देश के सरकारी बैंक अर्थ व्यवस्था की रीढ़ हैं। लेकिन, सरकार की गलत नीतियों के कारण बैंकों का एनपीए दिन- प्रतिदिन बढ़ता जा रहा है। उन्होंने लंबित वेतन समझौते पर सरकार का ढुलमुल रवैया बताते हुए रोष प्रकट किया।
पीएनबी अधिकारी संघ के मंडल सचिव सीबी आर्या ने कहा कि भारत सरकार व भारतीय बैंक संघ अधिकारियों के प्रति भेदभाव का रवैया अपना रही है। आईबीए स्केल चार से स्केल सात तक वेतन वृद्धि नहीं करना चाहती है। एआईबीओसी के जिला अध्यक्ष ज्ञानेंद्र मोहन अवस्थी ने कहा कि सरकार की हठधर्मिता के कारण वेतन समझौता एक नवंबर 2017 से लंबित पड़ा है। यही कारण है कि समस्त बैंक अधिकारी आंदोलन के लिए बाध्य हो गए हैं। धरना प्रदर्शन कर रहे अधिकारियों ने चेतावनी दी है कि यदि उनकी मांग पूरी नहीं हुई तो वह अपना आंदोलन और तेज कर देंगे।
इस मौके पर बीके तिवारी, राजेश सोनकर, रामकुमार वर्मा, प्रेमनारायण, बीके तिवारी, कमलेश मिश्रा, पीके तिवारी, अमिताभ निगम, सज्जन तिवारी, रतन लाल पांडेय, प्रवीण शर्मा, श्याम सुंदर मौजूद रहे। अध्यक्षता सीबी आर्या, संचालन सुशील तिवारी व आभार राजेश मुड़िया ने व्यक्त किया।