झांसी। कोरोना वायरस के दौर में महारानी लक्ष्मीबाई मेडिकल कॉलेज में ग्लव्स की खरीद में बड़ी खामी उजागर हुई है। कॉलेज में घटिया ग्लव्स की सप्लाई हो रही है। एक ही पैकेट में छोटे-बड़े और गंदे ग्लव्स भी निकल रहे हैं। इससे कोरोना योद्धाओं को संक्रमण का खतरा बना हुआ है। स्टाफ द्वारा लगातार शिकायतें की जा रही हैं। वहीं, विभागाध्यक्ष भी बैठक में इस पर आपत्ति दर्ज करा चुके हैं।
मेडिकल कॉलेज के कोविड अस्पताल में मरीजों के उपचार में लगे कोरोना योद्धाओं को हाथ में पहनने के लिए घटिया ग्लव्स मिल रहे हैं। यह स्थिति कोरोना योद्धाओं के लिए खतरनाक साबित हो सकती है। कॉलेज के स्टाफ के कोरोना संक्रमित होने के लगातार मामले सामने आ रहे हैं। इसी बीच यह बड़ी खामी उजागर हो गई है। विभागाध्यक्ष भी बैठक में कॉलेज अधिकारियों को घटिया ग्लव्स के बारे में जानकारी दे दी है। साथ ही ग्लव्स की गुणवत्ता परीक्षण कर तुरंत बदलवाने और आपूर्ति फर्म के खिलाफ कार्रवाई करने की बात कही है। बैठक में विभागाध्यक्षों ने कह कि मेडिकल कॉलेज में घटिया ग्लव्स पहनने से स्टाफ संक्रमित हो सकता है। भौतिक परीक्षण के दौरान भी इस बात की पुष्टि हो चुकी है। उपयोग होने पर एक ही पैकेट के ग्लव्स छोटे-बड़े निकले हैं। कार्य कर रहे स्टाफ ने भी यह अवगत कराया है कि ग्लव्स गंदे निकल रहे हैं। इसकी लगातार शिकायतें सोशल मीडिया ग्रुप पर भी स्टाफ कर रहा है।
पहले भी उठी घटिया इंट्रा कैथ, पीपीई किट के खिलाफ आवाज
कोविड के दौर में घटिया सामान की सप्लाई होने की यह पहली शिकायत नहीं है। इससे पहले भी घटिया इंट्रा कैथ, माइक्रोपोर (सफेद टेप) और पीपीई किट के खिलाफ स्टाफ आवाज उठा चुका है। बाद में इसमें सुधार कराया गया।