झांसी। बुंदेलखंड विश्वविद्यालय स्थित एजूकेशन बिल्डिंग में बनाए गए केंद्र पर शुक्रवार को बीएड काउंसलिंग के पहले दिन 145 अभ्यर्थी पहुंचे। इनमें से 143 छात्र-छात्राओं ने अपने-अपने शैक्षिक दस्तावेजों का वेरिफिकेशन कराकर फीस जमा की।
बीएड काउंसलिंग के पहले दिन प्रदेश के 19 केंद्रों पर एक से पांच हजार रैंक तक के अभ्यर्थियों को काउंसलिंग के लिए बुलाया गया था। बीयू स्थित केंद्र पर 177 अभ्यर्थियों की काउंसलिंग होनी थी, लेकिन किसी कारणवश 33 छात्र-छात्राएं काउंसलिंग में शामिल नहीं हो सके। सुबह दस बजे से शाम पांच बजे तक चली काउंसलिंग प्रक्रिया के दौरान 145 ने काउंसलिंग व 143 ने फीस जमा की। पहले दिन सर्वर को लेकर कोई परेशानी नहीं हुई, इस कारण समय पर सभी अभ्यर्थियों ने काउंसलिंग करा ली। वहीं, भीषण गर्मी को देखते हुए अभ्यर्थियों व उनके साथ आए परिजनों के लिए आयोजकों ने शर्बत वितरण भी कराया। शनिवार को 5001 से 12000 रैंक तक के अभ्यर्थियों की काउंसलिंग होगी। काउंसलिंग में प्रो. सुनील काबिया, डा. अंकित श्रीवास्तव, डा. एमएम सिंह, अतुल खरे आदि ने सहयोग दिया। बताया गया कि आयोजक विवि ने बीयू में काउंसलिंग का पर्यवेक्षक डा. प्रतीक अग्रवाल को नियुक्त कर दिया है।
नहीं दिया गैप, होगी समस्या
झांसी। बीते सत्र में काउंसलिंग के आयोजक बुंदेलखंड विश्वविद्यालय ने निर्धारित काउंसलिंग शेड्यूल में हर तीन दिन बाद एक दिन का गैप दिया था लेकिन इस बार काउंसलिंग कार्यक्रम में शुरूआत से अंत तक कोई गैप नहीं है। इसको लेकर बीयू के काउंसलिंग सेंटर में शिक्षकों के बीच चर्चा रही कि ऐसे में तो आगे परेशानी खड़ी हो सकती है। पहले दिन तो महज पांच हजार अभ्यर्थियों को काउंसलिंग के लिए बुलाया गया था, तब शुक्रवार शाम चार बजे तक इलाहाबाद के एक सेंटर पर 455 को टोकन बंटे थे, जबकि 106 की ही काउंसलिंग हो सकी थी। वहीं, गोरखपुर विश्वविद्यालय के सेंटर पर 196 टोकन लेने वाले अभ्यर्थियों में सिर्फ 15 की ही काउंसलिंग हो सकी थी। चूंकि आगे आने वाले दिनों में अभ्यर्थियों की संख्या बढ़ेगी इसलिए सर्वर बैठने या किसी अन्य कारण से जब देर रात तक काउंसलर जूझते रहेंगे तो अगले दिन फिर वह कैसे काउंसलिंग कराएंगे।