सेना की आपत्ति पर आठ साल से रुका पड़ा एनएच 25 के झांसी बाईपास पर फ्लाई ओवर का निर्माण अब तक शुरू नहीं हो पाया है। जबकि, इसके लिए उच्च स्तरीय पहल भी हो चुकी है। नेशनल हाईवे अथॉरिटी ऑफ इंडिया के अफसरों ने अब एक बार फिर सेना से इस फ्लाई ओवर को मंजूरी देने की गुहार लगाई है।
ईस्ट वेस्ट कॉरीडोर फोरलेन सड़क परियोजना के तहत कानपुर रोड को शिवपुरी रोड से जोड़ने के लिए ग्वालियर रोड पर फ्लाई ओवर प्रस्तावित है। नेशनल हाईवे अथॉरिटी ऑफ इंडिया ने फ्लाई ओवर का निर्माण कार्य आठ वर्ष पूर्व शुरू किया था। तकरीबन दो करोड़ रुपये की धनराशि भी इस पर खर्च की गई थी, लेकिन सेना की आपत्ति के बाद 13 अक्तूबर 2006 को कार्य बंद कर दिया गया था। सेना के अधिकारियों ने सैन्य हवाई पट्टी नजदीक होने के चलते इस पर रोक लगाई गई थी, इसके बाद से यह काम अब तक शुरू नहीं हो पाया है। ईस्ट वेस्ट कॉरीडोर फोरलेन सड़क परियोजना भी पूर्ण नहीं हो पा रही है। हालांकि, इसके पूर्व में एनएचएआई व सेना के अधिकारियों के बीच उच्च स्तरीय वार्ता भी हो चुकी है। एनएचएआई द्वारा फ्लाई ओवर की जगह संबंधित स्थान पर जंक्शन बनाने का विकल्प भी दिया गया है। लेकिन, अब तक सेना की स्वीकृति प्राप्त नहीं हुई है। ऐसे में अब एक बार फिर एनएचएआई ने सेना से इस कार्य की मंजूरी मांगी है।
‘कार्य की मंजूरी के लिए एनएचएआई लगातार सेना व रक्षा मंत्रालय के संपर्क में है। अब तक स्वीकृति नहीं मिल पाई है। ऐसे में फिर से रक्षा मंत्रालय को स्वीकृति के लिए पत्र लिखा गया है।’
- एस पी शर्मा, परियोजना निदेशक, एनएचएआई