जान बचाने के लिए टोल कर्मियों को जहां जगह मिली वहां की ओर भागे
अमर उजाला ब्यूरो
झांसी। दतिया के डगरई टोल प्लाजा पर हुई घटना के पीछे रंगदारी जमाने का मामला सामने आया है। बताया गया कि घटना से एक घंटे पहले कुछ लोगों का वीआईपी लेन से कार निकालने को लेकर टोल कर्मियों से विवाद हुआ था। इसके बाद उन्हीं लोगों ने अपने साथियों के साथ आकर टोल प्लाजा पर फायरिंग की। इस बीच हुई भगदड़ में दो टोल कर्मियों की कुएं में गिरने से मौत हो गई।
झांसी से दतिया के बीच पड़ने वाले डगरई टोल प्लाजा पर मंगलवार की रात तकरीबन नौ बजे एक कार पहुंची। टोल पर तैनात एक कर्मचारी ने बताया कि कार में सवार लोग वीआईपी लेन से बगैर टोल अदा किए गुजरना चाहते थे। लेकिन, वहां तैनात कर्मचारी इसके लिए तैयार नहीं हुए। इसे लेकर कार सवारों का कर्मचारी से विवाद भी हुआ और देख लेने की धमकी देते हुए वे वहां से चले गए। संदेह जताया जा रहा है इसके एक घंटे बाद वही लोग चार अलग-अलग दोपहिया वाहनों पर सवार होकर अपने 10-12 साथियों के साथ टोल पर पहुंचे। इससे पहले कि कर्मचारी कुछ समझ पाते, उन्होंने उनके साथ मारपीट शुरू कर दी। इसी बीच दो बदमाशों ने तमंचे निकालकर फायरिंग भी की। बदमाशों ने बेखौफ अंदाज में लगभग 15 मिनट तक जमकर उत्पात किया। इससे टोल पर तैनात कर्मचारियों में भगदड़ मच गई। जान बचाने के लिए जिसे जहां जगह मिली, वह उसी ओर दौड़ गया। इसी बीच टोल ऑफिस के पीछे बने बगैर मुंडेर के कुएं में गिरने से टोल मैनेजर श्रीनिवास सिंह और शिफ्ट इंचार्ज शिवाजी की मौत हो गई। वहीं, एक अन्य शिफ्ट इंचार्ज राजेश कुमार भगदड़ में कंटीली झाड़ियों में गिर पड़े, जिससे वे घायल हो गए। इसके अलावा टोल कर्मी रविंद्र बबेले और सुमित दांतरे को भी चोटें आईं।
0000000
एक दिन पहले ही ट्रांसफर होकर आया था श्रीनिवास
आगरा निवासी टोल मैनेजर श्रीनिवास परिहार पिछले एक साल से एनएचएआई में काम कर रहा है। इससे पहले वह फरीदाबाद के टोल प्लाजा पर सुपरवाइजर था। एक अप्रैल को ही वह ट्रांसफर होकर दतिया के डगरई टोल प्लाजा पर आया था और दूसरे ही दिन वारदात का शिकार हो गया। मृतक के दो बेटी और एक बेटा है। घटना की सूचना मिलते ही आगरा में रहने वाले उसके परिजनों में कोहराम मच गया। जबकि, दूसरा मृतक शिवाजी महाराष्ट्र के अकोला का रहने वाला है। दूरी अधिक होने की वजह से देर शाम तक उसके परिजन दतिया नहीं पहुंच पाए थे, जिससे उसका पोस्टमार्टम भी नहीं हो पाया था।
0000000
बेखौफ था बदमाशों अंदाज
डगरई टोल प्लाजा पर वारदात को अंजाम देने वाले बदमाशों का अंदाज एकदम बेखौफ था। आते ही उन्होंने टोल कर्मियों से मारपीट शुरू कर दी थी। इसके बाद फायरिंग भी की। इसके अलावा बदमाशों ने टोल बूथों में भी तोड़फोड़ की। सीसीटीवी कैमरों की जद में भी वे लगभग पंद्रह मिनट तक उत्पात मचाते रहे। इसके बाद मौके से फरार हो गए।
0000000
टोल प्लाजा पर वारदात को अंजाम देने वाले बदमाशों की तलाश शुरू कर दी गई है। उन्हें जल्द गिरफ्तार कर लिया जाएगा। घटना का मुकदमा 10-12 अज्ञात लोगों के खिलाफ चिरूला थाने में दर्ज किया गया है। - प्रियंका शर्मा, एसडीओपी, दतिया