झांसी। ईद के बाजार में अब रौनक चरम पर है। दिन में बरसात से बाजारों में सन्नाटा छाया रहा, लेकिन शाम ढलते ही चहल पहल बढ़ गई। किसी ने कपडे़ खरीदे तो किसी ने सेवइयां लीं। जबकि कई जगह लोग मिठाई खरीदते दिखे। ईद के बाजार में खरीदारी करने पहुंच रहे युवाओं में फैशन का रंग चढ़ा दिखा। ब्यूटी पार्लर, चूड़ियों, रेडीमेड कपड़ों और ज्वैलरी की दुकानों पर महिलाओं की खासी भीड़ रही। दुकानदारों के मुताबिक हर वर्ष की तरह इस वर्ष भी जमकर बिक्री हुई।
आर्टिफिशियल ज्वैलरी ने मन मोहा
सोने चांदी की पॉलिस और उस पर रंग बिरंगे स्टोन का हैंडवर्क आर्टिफिशियल ज्वैलरी को खास बनाती है। सस्ते, टिकाऊ और आकर्षक होने पर इस ज्वैलरी की मांग महिलाओं में विशेष रही है। बिसाती बाजार स्थित विक्रेता अनिल जैन व आनंद हयारण ने बताया कि कांच, नग, मीना, जरी व कृत्रिम मोती का वर्क इन मोतियों को खास बनाती है। इनकी करीब एक हजार डिजाइन मार्केट में है। इनमें गले की चैन, कान के टॉप्स, अंगूठी, सुनहरे व सिल्वर कलर में कंगन, ब्रेसलेट, बैक पिन आदि शामिल हैं। अनिल बताते हैं कि कोई भी त्यौहार हो अथवा सहालग का सीजन आर्टिफिशियल ज्वैलरी हमेशा ही महिलाओं में पसंद की जाती रही है। इसका प्रमुख कारण अत्यधिक सस्ता होना है।
सेवईं व दूध फैनी के दामों में उछाल
सेवईं व दूध फैनी के दाम ने एकाएक उछाल मार दिया है। मंगलवार को शाम के समय लोगों ने जमकर सेवईं व दूध फैनी की खरीददारी की। ऐसे मेें दुकानदारों के पास माल की कमी होने लगी। सेवईं विक्रेता दिलशाद के मुताबिक बरसात होने के बाद ठंडक होने पर लोग ईद की खरीददारी को उमड़ पडे़। 40 रुपये में बिकने वाली सेवईं 50 रुपये तो, दूध फैनी 80 रुपये से 100 रुपये किलो हो गई हैं। पैकिंग में आ रही बनारसी सेवईं भी 100 रुपये किलो से बढ़कर 150 रुपये में बिक रही है।
ब्लू, ओरेंज में सूट रहे पसंद
अफगान सूट, कराची सूट, प्लाजो सूट महिलाओं की पसंद में शामिल रहे। सूट विक्रेता मोहम्मद अल्ताफ ने बताया कि प्रिंटेड कुर्ते और सूटों में नग, जरी व कांच क ा हैंडवर्क खूब पसंद किया जा रहा है। अक्षरा सूट के दुपट्टे में कांच की डिजाइन भी महिलाओं और लड़कियों की पंसद बनी हुई है।