झांसी। एमईएस पावर हाउस के पास रहने वाले अनिल कुमार ने सीएमओ को दिए शिकायती पत्र में नेत्र रोग विशेषज्ञ की लापरवाही से आंख की रोशनी चली जाने का आरोप लगाया है। सीएमओ का कहना है कि अभी शिकायती पत्र नहीं मिला है। पत्र प्राप्त होने के बाद जांच कराई जाएगी।
अनिल के मुताबिक चार अगस्त को मेडिकल कॉलेज के सामने स्थित एक नर्सिंगहोम के डॉक्टर से आंख की जांच कराई थी। दायीं आंख में दवा डालने के बाद उसमें औजार डालकर घुमाया तो तेज दर्द होने लगा। फिर उस आंख से दिखना बंद हो गया। डॉक्टर को ये बात बताई तो उन्होंने कहा कि आंख का पर्दा साफ कर दिया है। दो-तीन दिन में दिखाई देने लगेगा। रोशनी न लौटने पर चार दिन बाद आठ अगस्त को फिर से आंख दिखाने गए। उन्हें बताया कि बिल्कुल भी दिखाई नहीं दे रहा है तो डॉक्टर बोले किसी दूसरे डॉक्टर को दिखा लो। फिर बाद में उसे और पत्नी को धक्का मारकर अस्पताल से भगा दिया। 23 सितंबर को दूसरे अस्पताल में आंख दिखाई तो डॉक्टर ने बताया कि आंख का पर्दा फट गया है। सीएमओ से डॉक्टर के खिलाफ कार्रवाई करने की मांग की है। ब्यूरो