झांसी। बुधवार को देवोत्थान एकादशी के साथ शादी-ब्याह समारोहों की शुरुआत होने जा रही है। पहले दिन महानगर में चार सौ से अधिक शादियां होने वाली हैं। इसके लिए सभी विवाह घर बुक हैं। इसके अलावा अन्य स्थानों पर शादी समारोह की तैयारी है। शाम से ही बैंड - बाजा की धूम शुरू हो जाएगी
कोरोना वायरस के संक्रमण के नियंत्रण के लिए 25 मार्च से लागू किए गए लॉकडाउन की वजह से शादी-विवाह समारोह पूरी तरह से थम गए थे। जबकि, मार्च के आखिर और अप्रैल माह में कई शुभ मुहूर्त थे। लेकिन, लोगों को अचानक शादी समारोह निरस्त करने पड़ गए थे। हालांकि, जुलाई में कुछ शादियां जरूर हुई थीं, लेकिन कड़े नियम लागू होने के चलते ये समारोह बेहद सादगी से संपन्न हुए थे। लेकिन, अब एक बार फिर देवोत्थान एकादशी से शादी समारोह शुरू होने जा रहे हैं। चूंकि, देवोत्थान एकादशी बगैर शोधन की तिथि होती है, जिसके चलते इस दिन महानगर में चार सौ से अधिक शादियां होने जा रही हैं। महानगर के 175 विवाह घर बुक हैं। इसके अलावा तमाम आयोजन लोग घर व आसपास के मैदानों में टेंट लगाकर करने जा रहे हैं। इससे महानगर में हर ओर बैंड - बाजे की धूम रहेगी।
जूझना पड़ सकता है जाम से
झांसी। पहले शादी समारोहों में 200 लोगों के शामिल होने की अनुमति थी, लेकिन कोरोना के बढ़ते प्रभाव के चलते इसे घटाकर 100 कर दिया गया है। बावजूद, तमाम लोगों ने थोक के भाव में निमंत्रण पत्र बांटे हैं। मेहमानों की भी लंबे समय बाद शादियों में शरीक होने की तैयारी है। इस स्थिति में शाम को सड़कों पर आवागमन ज्यादा रहेगा, जिससे लोगों को जाम से भी जूझना पड़ सकता है। खासतौर पर सीपरी बाजार क्षेत्र के विवाह घरों में होने वाले आयोजनों में शामिल होने के लिए लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ सकता है। क्योंकि, ओवरब्रिज का निर्माण जारी होने की वजह से यहां पुल के नीचे से यातायात प्रतिबंधित कर रखा है। लोगों को कच्चे पुल, आईटीआई अंडरब्रिज से होकर सीपरी बाजार पहुंचना पड़ रहा है। इन दोनों ही स्थानों पर सामान्य दिनों में भी वाहनों की रेलमपेल मची रहती है। ऐसे में शादियों की वजह से बुधवार को भीड़ और भी बढ़ सकती है।