झांसी। खजुराहो वंदेभारत में सवार महिला यात्री बृहस्पतिवार बच्चे से बिछुड़ गई। वह बच्चे को कोच में छोड़कर प्लेटफार्म पर खान-पान सामान लेने उतरी थी। इसी बीच गाड़ी रवाना हो गई। रेल मदद पर देवर की शिकायत पर आरपीएफ ने महिला को खोजकर उसे सुरक्षित उदयपुर इंटरसिटी से खजुराहो तक पहुंचाया।
हजरत निजामुद्दीन से चलकर खजुराहो जा रही वंदेभारत (22470) में सवार मध्य प्रदेश के देवनगर पन्ना निवासी महिला यात्री मीराबाई पाल बच्चे के साथ निजामुद्दीन से खजुराहो की यात्रा कर रही थी। बृहस्पतिवार झांसी स्टेशन पहुंची वंदेभारत से वह प्लेटफार्म पर उतर गई। खान-पान सामान लेने के बाद जब वह कोच में पहुंची तो कोच के दरवाजे बंद हो गए और गाड़ी रवाना हो गई और बच्चा ट्रेन में ही रवाना हो गया। इसकी शिकायत महिला के देवर विपिन ने रेल मदद पर दर्ज कराते हुए पूरा वाक्या बताया। विपिन के वाट्सएप पर दिए फोटो के आधार पर आरपीएफ ने झांसी में महिला की खोजबीन शुरू कर दी।काफी प्रयास के बाद महिला को खोजने पर आरपीएफ ने पति से संपर्क किया। पति बाबूलाल ने बताया कि उसने खजुराहो स्टेशन पर बच्चे को गाड़ी से उतार लिया है। पत्नी को वह किसी अन्य गाड़ी से खजुराहो भिजवा दे। आरपीएफ ने पति के अनुरोध पर मीराबाई को उदयपुर-खजुराहो इंटरसिटी के एस-5 कोच में आरपीएफ एसआई व महिला कांस्टेबल के साथ खजुराहो तक पहुंचाया। आरपीएफ प्रभारी योगेश राणा ने बताया कि बृहस्पतिवार महिला बच्चे से बिछुड़ गई थी। रेल मदद की शिकायत पर महिला को खोजकर उसे सुरक्षा व्यवस्था के साथ उदयपुर इंटरसिटी से खजुराहो भिजवाया गया है।