झांसी। माताटीला बांध पर जल विद्युत इकाई की टरबाइन नहीं चलने से शहरवासियों को साफ पानी मिलना मुमकिन नहीं हो पा रहा है। इस कारण लोग पीला और गंदा पानी पीने को मजबूर है।
महानगर की अधिकतर आबादी माताटीला बांध से आने वाले पानी पर निर्भर है। माताटीला से आने वाला कच्चा पानी बबीना जल शोधन केंद्र से होकर 100 एमएलडी व 40 एमएलडी की दो पाइप लाइनों से झांसी तक आता है। माताटीला बांध पर पिछले एक माह से जल विद्युत की तीनों इकाइयों की टरबाइन न चलने से पानी स्थिर हो गया है। तेज धूप के कारण पानी के अंदर डिजोल्व आक्सीजन की मात्रा चार मिली ग्राम से घटकर 0.2 से 0.4 मिली ग्राम रह गई है।
बबीना जल शोधन केंद्र पर क्लोरीन व एलम की मात्रा बढ़ाए जाने के बाद भी शहर में पीले और गंदे पानी की आपूर्ति हो रही है। इसे देखते हुए जल निगम ने सिंचाई विभाग को पत्र लिखकर टरबाइन चलाने को कहा था, लेकिन जिद पर अड़े सिंचाई विभाग के अफसर सोलह मई के बाद मांग आने पर ही टरबाइन चलाने पर अड़े हैं। हालांकि, माताटीला बांध के अधिशासी अभियंता गोपाल ने शनिवार से टरबाइन चलने की उम्मीद जताई है।