अमर उजाला ब्यूरो
झांसी। पिछले दो दिनों से जिले में जारी बारिश और सोमवार को हुई ओलावृष्टि से कृषि विभाग के शुरुआती सर्वे में 90 हजार हेक्टेयर में खड़ीं फसलों को नुकसान संभव है। अब एक-दो दिन में तीन विभाग मिलकर सर्वे करेंगे। अधिकारियों का कहना है कि प्लाट-टू-प्लाट सर्वे में ही सटीक स्थिति पता चल सकेगी।
झांसी जनपद में 3.58 लाख हेक्टेयर में रबी की फसल की बुवाई की गई है। किसानों ने गेहूं, मटर, चना, मसूर, सरसों आदि की बुवाई की है। विशेषज्ञों के मुताबिक मौजूदा समय में कई जगहों पर फसलों की कटाई और थ्रेसिंग शुरू हो चुकी है। कई जगहों पर खलियानों में कटी हुई फसल रखी हुई है। इसी दौरान पिछले दो दिनों में हुई बारिश और ओलावृष्टि से इन फसलों को काफी नुकसान पहुंचा दिया है। शासन की ओर से तत्काल नुकसान की जो रिपोर्ट मांगी गई है, उसमें कृषि विभाग लगभग 25 फीसदी फसलों को नुकसान होने का अनुमान लगा रहा है। ऐसे में लगभग 90 हजार हेक्टेयर फसल को नुकसान की आशंका जताई जा रही है। अब एक-दो दिन में कृषि विभाग, बीमा कंपनी और राजस्व विभाग मिलकर संयुक्त सर्वे शुरू करेंगे।
किसान यहां दें सूचना
जिला कृषि अधिकारी ने बताया कि बारिश, ओलावृष्टि से जिन किसानों की फसल को नुकसान हुआ है, वो टोल फ्री नंबर 18008896868 पर सूचना दे सकते हैं। इसके अलावा कृषि विभाग या फिर तहसील में लिखित में प्रार्थनापत्र दे सकते हैं।
अब नहीं गिरेंगे ओले, आज बारिश संभव
मौसम वैज्ञानिक डॉ. आदित्य कुमार सिंह ने बताया कि अब झांसी में ओलावृष्टि नहीं होगी। मगर मंगलवार को हल्की बारिश होने की संभावना है। बुधवार से आसमान साफ हो जाएगा। इसके बाद धीरे-धीरे तापमान बढ़ने लगेगा।
वर्जन..
शुरुआती सर्वे में बारिश, ओलावृष्टि से फसलों को 25 फीसदी का नुकसान होने की आशंका है। हालांकि, सटीक स्थिति कृषि, राजस्व और बीमा कंपनियों के संयुक्त सर्वे में ही सामने आएगी। एक-दो दिन में संयुक्त सर्वे शुरू हो जाएगा। - केके सिंह, जिला कृषि अधिकारी।