झांसी। इस बार गर्मियों में बिजली संकट कम रहेगा। फॉल्ट होने और ट्रांसफॉर्मर फुंकने पर घंटों रहने वाला बिजली संकट कम हो जाएगा। इसके लिए बिजली विभाग सर्दियों सुधार के काम करा रहा है। जर्जर तारों को बदला जा रहा है, नए खंभे लग रहे हैं और ट्रांसफॉर्मर दुरुस्त किए जा रहे हैं।440 करोड़ की लागत से हो रहे कार्यों में अब तक झांसी मंडल में 28 हजार नए खंभे लगाए जा चुके हैं। जबकि 1553 किमी क्षेत्र में तारों को बदल दिया गया है। हालांकि विभाग को पूरे मंडल में 74 हजार नए खंभे लगाने हैं और 5774 किमी क्षेत्र में तार बदलना है। जिस रफ्तार से काम चल रहा है, उसे लेकर अफसर गर्मियां आने तक लोगों को राहत देने का दावा कर रहे हैं।
हर साल गर्मियों में बिजली कटौती बढ़ जाता है। विभाग बेशक गांवों को 18 घंटे और शहरों को 24 घंटे बिजली देने के दावे करता है, लेकिन कभी जर्जर तार टूट जाने तो कभी ओवरलोड होने पर ट्रांसफारमर फुंकने से घंटों का बिजली का संकट रहता है। इसी संकट को कुछ हद तक दूर करने के लिए जर्जर व्यवस्था को दुरुस्त किया जा रहा है। मंडल के झांसी, जालौन और ललितपुर में रिवैंप योजना के तहत 440 करोड़ से जर्जर तार और ट्रांसफॉर्मर बदलने के साथ ही नए खंभे लगाए जा रहे हैं। इसके साथ ही ग्रामीण क्षेत्रों में नए फीडर बनाए जा रहे हैं। साथ ही 376 फीडरों की क्षमता वृद्धि की जा रही है। विभागीय अफसरों के मुताबिक मंडल में अब तक 50 फीसदी काम हो चुका है। हालांकि काम को नवंबर 2024 तक पूरा किया जाना है, लेकिन अफसर गर्मियां शुरू होने तक काफी काम पूरा कर लेने का दावा कर रहे हैं।
128 फीडरों में 52 नए फीडरों का काम अंतिम चरण में
बिजली विभाग ने योजना के तहत मंडल में 128 नए फीडर बनाने का लक्ष्य तय किया है। इसमें से 52 फीडरों का काम अंतिम चरण में है। मंडल में झांसी शहरी क्षेत्र में 45, ललितपुर शहरी क्षेत्र में 23 और जालौन शहरी क्षेत्र में 15 नए फीडर बनाए जाने हैं। इसमें नए ट्रांसफार्मर लगवाए जाएंगे। वहीं, ग्रामीण क्षेत्रों में किसानों को नलकूप कनेक्शन देने के लिए 45 फीडर बनेंगे। इसमें झांसी में 13, ललितपुर में 15, जालौन में 17 नए फीडर बनाए जाएंगे।
ये हो रहे हैं काम
मंडल में खंभे लगेंगे - 74000
झांसी में - 28400
ललितपुर में - 16800
जालौन में - 28800
एवी केबल (खुला तार) बिछेगा - 3542 किमी
झांसी - 1290 किमी
ललितपुर - 737 किमी
जालौन - 1515 किमी
मंडल में सिंगल कोर (सादा तार) 892 किमी
झांसी - 547 किमी
ललितपुर - 262 किमी
जालौन - 83 किमी
एसीएसआर कंडक्टर - 1340 किमी
झांसी - 456 किमी
ललितपुर - 301 किमी
जालौन - 583 किमी
अब तक इतना काम हुआ
28000 हजार नए खंभे लगाए गए
1200 किमी क्षेत्र में एवी तार बदला गया
205 किमी क्षेत्र में सादा तार बदला गया
148 किमी क्षेत्र में कंडक्टर बदले गए
221 ट्रांसफॉर्मरों की मरम्मत की गई
मंडल में रिवैंप योजना के तहत लगभग 440 करोड़ से विद्युतीकरण का काम चल रहा है। इससे गर्मियों में बिजली संकट नहीं होगा। पुरानी लाइन की जगह नई लाइन बनाई जा रही है लिहाजा फाल्ट कम होंगे। ट्रांसफार्मर की क्षमता वृद्धि हुई इससे भी ट्रांसफारमर कम खराब होंगे। राजीव माहेश्वरी मुख्य अभियंता, विद्युत विभाग
ग्रामीण क्षेत्र में बिजली व्यवस्था को सुधारने के लिए रिवैंप योजना के तहत काम चल रहा है। इसके तहत नए फीडर बन रहे हैं। इसका जनता को काफी लाभ मिलेगा। - मनोज अग्रहरि, अधीक्षण अभियंता, ग्रामीण
शहर की घनी बस्तियों में जर्जर तारों के टूटने की समस्या ज्यादा रहती है। इसलिए तार बदले जा रहे हैं। बिजली का संकट कम होने से लोगाें को राहत मिलेगी। - चंद्रजीत प्रसाद, अधीक्षण अभियंता, नगरीय