संवाद न्यूज एजेंसी
झांसी। यहां से होकर आने-जाने वालीं ट्रेनों में 25 हजार से अधिक यात्री सालभर में अपराधों के शिकार हुए। महिलाओं के साथ छेड़छाड़ और उनके पर्स चोरी होने के मामले सबसे अधिक रहे। स्टेशन भी अपराधियों से अछूते नहीं रहे।
रेलवे के पास ट्रेनों में यात्री और रेल सुरक्षा के लिए आरपीएफ और जीआरपी है। लेकिन, ट्रेनों और स्टेशनों पर यात्री खुद को सुरक्षित महसूस नहीं कर पा रहे हैं। यह बात रेलवे के आंकड़े खुद बयान कर रहे हैं। वित्तीय वर्ष 2023-24 में रेलवे की हेल्पलाइन 139 और रेल मदद पर आईं शिकायतों को देखें तो पता चलता है कि मंडल से होकर आने-जाने वाली ट्रेनों में अपराध लगातार बढ़ रहे हैं।
रेलवे के पास डिजिटल माध्यम से एक अप्रैल 2023 से लेकर 31 मार्च 2024 तक आई शिकायतों में ट्रेनों में होने वाली आपराधिक घटनाओं की संख्या 24,241 रही है। स्टेशन पर होने वाले अपराधों की संख्या इसी अवधि में 1,173 रही है। इसी साल अप्रैल में ट्रेनों में होने वाले अपराध की शिकायतों का आंकड़ा 2,622 रहा। वहीं, स्टेशन पर 128 अपराधों की शिकायत दर्ज की गई। हैरान करने वाली बात यह है कि यह वे शिकायतें हैं, जो रेल मदद या हेल्पलाइन नंबर 139 के माध्यम से आई हैं। यदि ऑनबोर्ड आरपीएफ और जीआरपी द्वारा दर्ज शिकायतों की बात करें तो यह संख्या दो गुनी हो जाएगी।
-
- अपराधियों ने महिलाओं को बनाया निशाना
अपराधियों ने रेल यात्रा के दौरान सबसे अधिक महिलाओं को निशाना बनाया। इनमें भी वे महिलाएं रहीं, जो अकेले और एसी कोच में यह सोचकर यात्रा कर रही थीं कि वह सुरक्षित हैं। लेकिन, उनके साथ छेड़खानी जैसे मामले लगातार होते रहे।
- हर माह बढ़ता जा रहा ग्राफ
बीते साल ट्रेनों में अपराधों की औसत संख्या हर माह 1800 से 2000 रही लेकिन, इस पर ध्यान नहीं दिया गया और यह ग्राफ ऊपर बढ़ता गया। इस वित्तीय वर्ष के अप्रैल में जो शिकायतें 2,650 थीं वह मई में बढ़कर 2,887 पर जा पहुंचीं।
ये हुईं घटनाएं
केस 1
26 मई को जीटी एक्सप्रेस में यात्रा कर रही महिला के साथ सहयात्री ने छेड़खानी की। इसकी शिकायत महिला के पति ने रेलवे से की। इसके बाद ही कार्रवाई हो सकी।
केस 2
28 मई को गोवा एक्सप्रेस में पिता के साथ यात्रा कर रही युवती के साथ युवक ने छेड़खाड़ की, जिसके बाद युवती ने ही मनचले यात्री को पीटा लेकिन, इस दौरान ट्रेन में कोई सुरक्षा कर्मी नहीं मिला।
केस 3
28 मई को ही मंगला एक्सप्रेस के एसी कोच में महिला यात्री के साथ छेड़खानी की घटना हुई थी, जिसकी शिकायत की गई लेकिन, इस पर कोई सख्त कार्रवाई नहीं हुई।
केस- 4
इसी माह दो जुलाई को मंगला एक्सप्रेस में अपनी मां के साथ यात्रा कर रही नाबालिग के साथ अधेड़ ने छेड़खानी की। इतना ही नहीं, उसे जबरन अश्लील वीडियो दिखाने का भी प्रयास किया गया। मामले की शिकायत पीड़िता ने ग्वालियर पहुंच कर की।
केस-5
बीती 14 जून को हजरत निजामुद्दीन से दुर्ग जा रही गोंडवाना एक्सप्रेस के एसी कोच में सवार सैन्यकर्मी ने नशे की हालत में महिला यात्री के ऊपर पेशाब कर दिया था। इसकी शिकायत महिला के पति हिमाचल सिंह ने रेलवे से की थी। लेकिन, कोई कार्रवाई नहीं हुई।