डेढ़ साल पहले शहर के चर्चित सैक्स रैकेट कांड के मामले में अपर जिला एवं सत्र/विशेष न्यायाधीश (लैंगिक अपराधों से बालकों का संरक्षण अधिनियम) उमेश कुमार सिरोही की अदालत ने रैकेट संचालिका को आजीवन कारावास, एक पुलिस कर्मी समेत तीन अभियुक्तों को अलग-अलग धाराओं के अनुसार कुल साठ-साठ वर्ष का कारावास, तीन अभियुक्तों को कुल तीस-तीस वर्ष का कारावास का कठोर कारावास एवं एक अभियुक्त को दो वर्ष के साधारण कारावास की सजा सुनाई है। यही नहीं सभी अभियुक्तों पर कुल उन्नीस लाख छह हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया गया। अर्थदंड अदा न करने पर प्रत्येक को अलग-अलग सजा भी भुगतना होगी।
प्रभारी जिला शासकीय अधिवक्ता बृजेंद्र सिंह यादव एवं सहायक शासकीय अधिवक्ता लखनलाल यादव ने बताया कि डेढ़ वर्ष पूर्व थाना कोतवाली अंतर्गत एक मुहल्ला निवासी व्यक्ति ने पुलिस को दी तहरीर में बताया था कि उसकी नाबालिग पुत्री को घंटाघर के पास शादीलाल कॉम्प्लैक्स के पीछे गली में चिंचू महाराज के मकान में माही उर्फ छाया सिंह परमार (21) जो इस मकान में देह व्यापार का धंधा संचालित करती है। रैकेट में पंद्रह से 24 साल तक की लड़कियां शामिल हैं।
इसी क्रम में उसकी नाबालिग पुत्री को आमिर पठान, आलोक द्विवेदी (जो पुलिस विभाग में एसओजी में तैनात थे), राहुल नायक उर्फ राही जैन, गजेंद्र सिंह, हरेंद्र सिंह बुंदेला (प्रधान प्रतिनिधि, ग्राम पंचायत अंधियारी ब्लॉक जखौरा), कल्यान, राज चौहान, देवेंद्र पटेल, महाराज पिसनारी, यश गुप्ता(कालपी, हाल निवासी ललितपुर, जो बजाज प्लांट में कार्ररत है), एक 65 वर्षीय अज्ञात व्यक्ति, जो पीड़िता को स्वयं जाकर घटना स्थल एवं अज्ञात व्यक्तियों की पहचान कर सकती है।
उक्त लोगों ने लगातार ढाई माह तक दुष्कर्म किया। सबसे पहले उसकी पुत्री फरवरी माह में साढ़े चार बजे शाम प्रधान डाकघर के सामने वाली गली में प्रिंसी पैथौलॉजी के पास मोबाइल सुधरवाने गई थी, जहां पर माही सिंह से उसकी पुत्री की मुलाकात हुई थी। उसने पुत्री को नौकरी का लालच देकर मोबाइल नंबर ले लिया। एक दिन उक्त माही उसकी पुत्री को घर से पार्टी की बात कहकर ले गई और अपने किराए के मकान में ले जाकर उसको चाय पिलाई, जिसके पीते हुए पुत्री को सिर में दर्द होने लगा। वहां राज चौहान आ गया और पीड़िता की कनपटी पर पिस्टल लगाकर दुष्कर्म किया और माही ने अश्लील वीडियो बना ली।
वीडियो वायरल करने की धमकी देकर उसके साथ वहां राज चौहान ने कई बार दुष्कर्म किया। इसकेे बाद पीड़िता का ढाई माह तक दुष्कर्म किया गया। तीन मई 2017 को उसकी पुत्री को माही ने फोन कर जरूरी काम के बहाने बुला लिया और उसकी पुत्री उस दिन घर नहीं। इसके बाद चार मई 2017 को पुलिस में पुत्री की गुमशुदगी का प्रार्थना पत्र दिया गया। खोजबीन करने पर बीना रेलवे स्टेशन पर उसकी पुत्री मिल गई। तब पीड़िता द्वारा बताया गया कि उसे धमकाकर देवेंद्र पटेल आजादपुरा स्थित एक कमरे में ले गया था, जहां उसका दोस्त राहुल नायक उर्फ राही जैन झांसी में एक गोदाम में ले गया। जहां ललितपुर का गजेंद्र सिंह भी पहुंचा और उसे अज्ञात स्थान पर ले जाकर दुष्कर्म किया।
इसके बाद उन्होंने उसे चर्च के पास डैम रोड पर छोड़ दिया। इसके बाद वह रेलवे स्टेशन से रेलगाड़ी से भोपाल पहुंची। जहां वह धर्मेंद्र धाकड़ एवं दानिश खान के साथ एक-एक दिन व रात अलग-अलग मकानों पर रही और चौथे दिन वह झेलम एक्सप्रेस से बीना पहुंची।