मारपीट के मामले में सात अभियुक्तों को सजा
झांसी। अपर सत्र न्यायाधीश (फास्ट ट्रेक कोर्ट) राधे मोहन श्रीवास्तव की अदालत में गाली गलौच, मारपीट कर गंभीर रूप से घायल किए जाने एवं जान से मारने की धमकी के दो अलग-अलग मामलों में अभियुक्तों को सजा सुनाई गयी।
सहायक जिला शासकीय अधिवक्ता रामकुमार पांडेय ने बताया कि कोलबा निवासी डब्ल्यू उर्फ बब्लू ने थाना बरुआसागर में 15 जनवरी 2009 को तहरीर देते हुये बताया था कि रात करीब 08 बजे वह अपने भाई हप्पू व प्रेम प्रकाश के साथ खेत से घर आ रहा था। रास्ते में हनुमंत व मगन पुराने खेत की रंजिश को लेकर गाली गलौच करने लगे। मना करने पर हनुमंत मगन व अलख सिंह ने लाठी - डंडों से उन पर हमला कर दिया व जान से मारने की धमकी दी। पुलिस ने धारा 323, 504, 506 के तहत मुकदमा दर्ज लिया।
इसी तरह, थाने में हनुमंत पुत्र गोपी ने लिखित तहरीर देते हुये बताया कि वह अपने भाई मगन के साथ घर के दरवाजे पर ताप रहा था। उसी समय हप्पू शराब के नशे में आकर गाली गलौच करने लगा। उसका भाई डब्ल्यू उर्फ बब्लू, पप्पू व राजू भी लाठी-डंडे लेकर आ गए और उन पर हमला कर दिया। लोगों को एकत्रित होता देख वह सभी जान से मारने की धमकी देकर भाग गए। पुलिस ने तहरीर के आधार पर मुकदमा दर्ज कर दोनों पक्षों की ओर से विवेचना उपरांत आरोप पत्र न्यायालय में पेश किया। मामलों की अलग-अलग सुनवाई उपरांत न्यायालय द्वारा अभियुक्त हप्पू, डब्ल्यू उर्फ बब्लू एवं राजू को धारा 323 व 504 के अपराध में छह-छह माह के कारावास, धारा 324 के अपराध में एक-एक वर्ष के कारावास की सजा सुनाई गयी। वहीं हनुमंत, मगन व अलख सिंह को भी धारा 323, 504 में 06-06 माह के कारावास की सजा सुनाई गई।