एसी ट्रेन में छूटा सवारियों का पसीना, हंगामा
झांसी। दो दिन बाद ही नई दिल्ली से विशाखापटनम जाने वाली आंध्र प्रदेश एसी सुपरफास्ट एक्सप्रेस के एक सेकेंड व एक थर्ड वातानुकूलित कोचों के एसी सोमवार को भी खराब हो गए। इन सभी कोचों में नई दिल्ली से ही ट्रेन चलने के बाद कूलिंग नहीं हो रही थी। इस पर झांसी स्टेशन पर यात्रियों ने जमकर हंगामा किया। बार-बार चेन पुलिंग कर ट्रेन को आगे नहीं बढ़ने दिया। बाद में दोनों कोचों को जनरल घोषित कर दिया गया। टीटीई ने यात्रियों को किराया वापसी सर्टिफिकेट जारी किए। इस कारण ट्रेन सवा घंटे तक प्लेटफार्म पर खड़ी रही।
22416 आंध्र प्रदेश एसी सुपरफास्ट एक्सप्रेस नई दिल्ली से सुबह 6.25 बजे चलती है। इस ट्रेन में सभी वातानुकूलित कोच लगते हैं। एक फर्स्ट एसी, पांच सेकेंड एसी व सात थर्ड एसी लगते हैं। सोमवार की सुबह नई दिल्ली से ट्रेन चलने के बाद ही ए 5 व बी 5 कोचों में कूलिंग नहीं हो रही थी। जब कोच ठंडे नहीं हुए तो यात्रियों ने एसी मेकेनिक व टिकट चेकिंग स्टाफ को घेरना शुरू कर दिया। यात्री हंगामा करने लगे। यात्री बिना एसी के असहज हो रहे थे। पसीना रुकने का नाम नहीं ले रहा था। खासकर वृद्ध यात्रियों का बुरा हाल था। कई यात्री गैलरी में खड़े होकर वक्त गुजारने लगे।
दोपहर 1.17 बजे ट्रेन के झांसी स्टेशन के प्लेटफार्म दो पर रुकते ही यात्रियों ने हंगामा शुरू कर दिया। हंगामे की खबर लगते ही आरपीएफ, जीआरपी व टिकट चेकिंग स्टाफ मौके पर पहुंच गया। मेकेनिकल स्टाफ मशक्कत के बाद भी कोचों की कूलिंग शुरू नहीं कर सका। स्टेशन डायरेक्टर को दोनों कोच जनरल घोषित करने पड़े। टीटीई स्टाफ को किराया वापस करने के लिए सर्टिफिकेट जारी करने के निर्देश दिए गए। मजबूरन यात्रियों को उसी स्थिति में अपनी यात्रा जारी रखनी पड़ी। ट्रेन 2.40 बजे रवाना हो सकी।
मालूम हो कि, शनिवार को भी उक्त ट्रेन के 11 कोच के एसी काम नहीं कर रहे थे। झांसी से जो टिकट चेकिंग स्टाफ इस ट्रेन को दिल्ली से लेकर आया था, वह यात्रियों के गुस्से के कारण बड़ी मुश्किलों से झांसी तक पहुंच सका था।
12 दिन में 10 ट्रेनों के एसी खराब
पिछले दस दिन में आठ ट्रेनों के एसी खराब हो चुके हैं। इनमें लोकमान्य तिलक बरेली एक्सप्रेस, समर स्पेशल, भोपाल प्रतापगढ़ एक्सप्रेस, छत्तीसगढ़ एक्सप्रेस, नागपुर अमृतसर एक्सप्रेस, समता एक्सप्रेस, तिरुपति संपर्क क्रांति, तीन बार आंध प्रदेश एसी सुपरफास्ट एक्सप्रेस के एसी खराब हो चुके हैं। इससे एसी कोचों में सफर करने वाले मुसाफिरों को मुश्किलों का सामना करना पड़ा है।
यात्री ऐसे ले सकते रिफंड
सफर के दौरान अगर एसी खराब हो जाता है तो यात्री किराया वापस ले सकते हैं। रेलवे स्लीपर और एसी के किराए का अंतर रिफंड करती है। सुविधा का लाभ पाने के लिए यात्री को कोच कंडक्टर से एसी खराब होने का सर्टिफिकेट ईएफटी (एक्सेस फेयर टिकट) लेना होता है। कोच कंडक्टर ट्रेन में चल रहे कोच अटेंडेंट से रिपोर्ट लेकर सर्टिफिकेट जारी करेगा। सर्टिफिकेट के आधार पर किराया वापस किया जाएगा। एसी खराब होने पर किराए की वापसी के लिए सफर खत्म होने के 20 घंटे के भीतर क्लेम करना होगा। सुविधा का लाभ पाने को ऑनलाइन टिकट पर भी टीडीआर मान्य है। टीडीआर के आधार पर आईआरसीटीसी रेलवे के दावा अनुभाग से रिपोर्ट मांगेगी। रिपोर्ट के आधार पर क्लेम जिस बैंक खाते से टिकट बना है, उसमें रेलवे भेज देगी। रिफंड का नियम सफर के दौरान ट्रेन में एसी जितनी दूरी तक खराब होगी, उतनी दूरी तक स्लीपर और एसी (जिस क्लास का होगा) के किराए का अंतर वापस होगा। यात्री कोच कंडक्टर से सर्टिफिकेट लेकर आरक्षण केंद्र से किराया वापस ले सकते हैं।