प्रभु की सेवा में चंदन का लेप, एसी की ठंडक
झांसी। महानगर में गर्मी चरम पर है। पारा भी 43 डिग्री से अधिक पहुंच गया है। शरीर झुलसा रही गर्मी से आम आदमी बेहद परेशान है। महानगर के भक्तों और पुजारियों का सेवाभाव देखिए, नौ तपा की इस भीषण गर्मी से आराध्य देवी - देवताओं को ठंडक प्रदान हो, इसके लिए मंदिरों के गर्भगृहों में एसी, कूलर व पंखे लगवाए हैं। फूल बंगला भी सजाये जा रहे हैं। साथ ही, कुंज बिहारी मंदिर में सुगंधित फव्वारे भी लगाए गए हैं।
मंगलवार को नौ तपा का चौथा दिन रहा। समूचे दिन भीषण तेज धूप और गर्मी रही। इससे बचने के लिए लोग तमाम उपाय करते नजर आए। मंदिरों में भी भगवान को ठंडक पहुंचाने के लिए पुजारियों और भक्तों द्वारा तरह - तरह के उपाय व प्रबंध किए जा रहे हैं। कहीं गर्भगृह में भगवान को सुराही में शरबत और पानी रखा जा रहा है, तो कहीं उन्हें चंदन का लेप लगाया जा रहा है। फूलों की आरती की जा रही है। इसके साथ ही भक्तों ने प्रमुख मंदिरों के गर्भगृह में एयरकंडीशनर, कूलर और पंखे भी लगवा दिए हैं। वहीं कई भक्त भगवान को हाथ के पंखों (बिजना) तथा चंवर से हवा करना अपना सौभाग्य बता रहे हैं।
सिद्धेश्वर मंदिर के आचार्य हरीओम पाठक के अनुसार मंदिर परिसर में गायत्री माता मंदिर के गर्भगृह में एयरकंडीशनर और अन्य मंदिरों में कूलर लगे हुए हैं। सभी भगवानों को मीठा शीतल शरबत सुराही भरकर अर्पण किया जा रहा है। भगवान सिद्धेश्वर मंदिर के गर्भगृह में महक के लिए औषधीय खस लगवाई गई है। इधर, सीपरी रघुनाथ जी मंदिर के पुजारी कैलाश नारायण पाठक ने बताया कि गर्भगृह में भगवान के चरणों के नीचे पानी भरा गया है। ताकि ठंडक प्रदान हो। इसके अलावा भक्त हाथ के पंखों से हवा कर अपनी सेवा प्रदान कर रहे हैं।