रजिस्टर की जगह फार्म पर देना होगा खर्च का ब्योरा
सब हेड... निर्वाचन आयोग ने प्रत्याशियों के लिए आसान की प्रक्रिया
- दस बिंदुओं पर देनी होगी जानकारी
अमर उजाला ब्यूरो
झांसी। इस बार चुनाव में प्रत्याशियों को अपने खर्च का ब्योरा रजिस्टर में नहीं देना होगा, बल्कि यह काम केवल एक फार्म पर पूरा हो जाएगा। प्रत्याशियों को यह फार्म नामांकन के बाद उपलब्ध करा दिया जाएगा।
चुनाव में खर्च का ब्योरा देने के लिए प्रत्याशियों को अलग से एक रजिस्टर तैयार करना होता था, जिसकी आयोग की व्यय समिति द्वारा जांच की जाती थी। इस बार नामांकन के दौरान प्रत्याशियों को फार्म उपलब्ध करा दिया जाएगा, जिस पर दस बिंदुओं पर खर्च की सूचना अंकित करनी होगी। इसमें प्रत्याशी को अपना नाम, पार्टी का नाम /निर्दलीय, भुगतान की गई धनराशि, बकाया रकम, भुगतान की तारीख, भुगतान लेने वाले का नाम और पता, बिल /बाउचर का नंबर भरना होगा। प्रत्याशी को प्रतीक आवंटन से लेकर मतदान की तिथि तक का खर्च का ब्योरा आयोग को देना होगा।
प्रत्याशियों के खर्च की अधिकतम सीमा
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- महापौर - बीस लाख, पार्षद - दो लाख, नगर पालिका परिषद के अध्यक्ष (25 से 40 वार्ड) - छह लाख, नगर पालिका परिषद के अध्यक्ष (41 से 55 वार्ड) - आठ लाख, नगर पालिका सदस्य - डेढ़ लाख, नगर पंचायत अध्यक्ष - डेढ़ लाख, नगर पंचायत सदस्य - तीस हजार।