झांसी। जननी सुरक्षा योजना (जेएसवाई) के तहत किए जा रहे भुगतान में बड़ा गड़बड़झाला सामने आया है। झांसी में 141 प्रसूताओं को दो बार पैसे का भुगतान कर दिया गया। शासन स्तर पर मामला पकड़ में आने पर सीएमओ से रिपोर्ट तलब की गई है। ये हाल तब है, जब कई लाभार्थियों को महीनों से जेएसवाई का पैसा खाते में नहीं पहुंच रहा है।
जननी सुरक्षा योजना के तहत ग्रामीण क्षेत्र की लाभार्थी को संस्थागत प्रसव पर 1400 और शहरी क्षेत्र की लाभार्थी को एक हजार रुपये दिए जाते हैं। इसके अलावा ग्रामीण क्षेत्र की आशा को 600 और शहरी क्षेत्र की स्वास्थ्य कार्यकर्ता को 400 रुपये प्रोत्साहन राशि दी जाती है। झांसी में इस योजना में बड़ा गड़बड़झाला सामने आया है। एक तरफ लाभार्थी पैसे के भुगतान को महीने तरसते रहते हैं। वहीं, दूसरी तरफ कई लाभार्थियों को एक नहीं दो-दो बार भुगतान कर दिया जा रहा है। शासन स्तर पर ये मामला पकड़ में आ गया है। इस पर मातृ स्वास्थ्य के महाप्रबंधक ने मुख्य चिकित्सा अधिकारी को लिखे पत्र में कहा है कि झांसी में 141 प्रसूताओं को दो बार भुगतान कर दिया है। इससे 3.89 लाख रुपये का सरकार को नुकसान हुआ है। शासन स्तर पर ये मामला पकड़ में आने के बाद मातृ स्वास्थ्य के महाप्रबंधक ने सीएमओ से रिपोर्ट मांगी है।
एक तरफ कम भुगतान पर हो रहीं कार्रवाई
15 जून को हुईं जिला स्वास्थ्य समिति की बैठक में एक भी भुगतान न करने पर महिला अस्पताल की सीएमएस डॉ. शाहिदा परवीन का डीएम ने वेतन रोक दिया था। उनके अलावा मिलिट्री अस्पताल, नगरा और पुलिया नंबर नौ स्वास्थ्य केंद्रों ने भी एक भी लाभार्थी का भुगतान 15 जून तक नहीं किया था। हालांकि, स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों का कहना है कि अब भुगतान की प्रक्रिया तेज हो गई है। इन चारों चिकित्सा इकाइयों ने भी कइयों का भुगतान कर दिया है।
अभी तक इस संबंध में कोई भी पत्र प्राप्त नहीं हुआ है। यदि ऐसा कोई मामला है तो पत्र मिलने के बाद शहर और ब्लॉक स्तर पर डिलीवरी कराने वाली स्वास्थ्य इकाइयों से जवाब मांगेंगे। जवाब आने के बाद नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। - डॉ. एनके जैन, नोडल अधिकारी, जेएसवाई झांसी।