मीरा के गुनहगारों तक पहुंचने में जुटी पुलिस
झांसी। रेलवे स्टेशन पर जहरखुरानी के बाद जान गंवाने वाली ‘मीरा’ के मामले में जीआरपी और आरपीएफ ने आरोपियों की तलाश तेज कर दी है। मंगलवार को दोनों टीमें सीसीटीवी फुटेज से आरोपियों को तलाशती रहीं तो वहीं अवैध रूप से चाय बेचने वाले वेंडरों को पकड़कर भी पूछताछ की गई। सीसीटीवी फुटेज में महेंद्र और मीरा के साथ आरोपी घूमते नजर आ रहे हैं।
गौरतलब है कि विगत 29 अगस्त की देर रात उत्तर प्रदेश संपर्क क्रांति में सवार होकर दिल्ली से झांसी आए उल्दन थाना क्षेत्रांतर्गत दादपुरा संतपुरा निवासी महेंद्र अहिरवार और उसकी पत्नी मीरा प्लेटफार्म एक पर जहरखुरानी का शिकार बन गए थे। दिल्ली से साथ आए एक आदमी और औरत ने उनको बातों के जाल में फंसाकर जहरीली चाय पिला दी थी। दंपति के बेहोश होते ही आरोपी यात्री के पेंट के अंदर की जेब से 45000 रुपये ले गए थे। बाद में परिजनों ने दोनों को उपचार के लिए मेडिकल कॉलेज में भर्ती कराया था, जहां मीरा ने दम तोड़ दिया। जीआरपी ने महेंद्र कुमार की तहरीर पर अज्ञात महिला पुरुष के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर ली थी। इस मामले में एसपी (रेलवे) डॉ. ओमप्रकाश सिंह ने जहरखुरानों को पकड़ने के लिए सीओ (रेलवे) शरद प्रताप सिंह के नेतृत्व में टीम का गठन कर दिया है। इस टीम में क्राइम ब्रांच प्रभारी संजय सिंह और प्रभारी निरीक्षक रघुवीर सिंह को भी रखा गया है।
मंगलवार को टीम ने आरपीएफ के साथ स्टेशन पर लगे सीसीटीवी कैमरों के फुटेज खंगालने शुरू किए। घटना की रात कैमरे में प्लेटफार्म एक पर महेंद्र और मीरा के साथ आरोपी इधर से उधर जाते और चाय पीते नजर आ रहे हैं। इसके अलावा जीआरपी ने रात के समय अनाधिकृत रूप से चाय बेचने वाले वेंडरों को पकड़कर भी पूछताछ की, ताकि शायद पता लग जाए कि चाय किससे खरीदी गई थी? एसपी (रेलवे) ने गुनाहगारों के जल्द पकड़े जाने की उम्मीद जताई हैं।