लखनऊ शाही ईदगाह के इमाम मौलाना फिरंगी महली का क्षेत्र के मानी कला गांव में रविवार को एक निजी कार्यक्रम में सम्मिलित होने के बाद लखनऊ जाते समय नगर के योगी तिराहे पर स्वागत किया। इस दौरान पत्रकारों से रूबरू होते हुए मौलाना ने कहा कि शिक्षा ही वह रास्ता है, जिस पर चलकर चहुमुंखी विकास किया जा सकता है। प्राचीन समय में सिराज-ए-हिंद शिक्षा का गढ़ माना जाता था। लेकिन, पश्चिमी सभ्यता की चकाचौंध में नई पीढ़ी भटक गई है। सामाजिक सरोकार रखने वालों की नैतिक जिम्मेदारी है कि हम नई पीढ़ी का मार्गदर्शन कर देश के भविष्य को संवारें। इस अवसर पर समाजवादी अल्पसंख्यक प्रकोष्ठ के प्रदेश उपाध्यक्ष आजम खान, फैजान अंसारी, गुफरान अहमद, सुफियान अंसारी, बेलाल आतिश आदि उपस्थित रहे। संवाद