जौनपुर। कोविड-19 के एल-2 अस्पताल में भर्ती भाजयुमो नेता को कोरोना रिपोर्ट निगेटिव आने के बाद डिस्चार्ज कर दिया गया। रिपोर्ट आने के बाद 24 घंटे तक चिकित्सक व कर्मचारी मनाने में लगे रहे। बाद में भाजपा के वरिष्ठ नेताओं के हस्तक्षेप के बाद वह घर जाने को राजी हुआ। अस्पताल से जाने के बाद चिकित्सक और स्वास्थ्य कर्मियों ने राहत की सांस ली।
शाहगंज निवासी भाजपा युवा मोर्चा काशी प्रांत के क्षेत्रीय मंत्री को कोरोना होने पर एल-टू अस्पताल में भर्ती कराया गया था। अस्पताल की व्यवस्थाओं पर असंतोष जताने पर उन्होंने चिकित्सक व स्वास्थ्य कर्मियों पर मारपीट का आरोप लगाया था। इस मामले की जांच चल रही है। इस बीच बृहस्पतिवार की रात उनकी जांच रिपोर्ट कोरोना निगेटिव आई। नियमानुसार डॉक्टरों ने उन्हें डिस्चार्ज कर दिया, लेकिन वह घर जाने को तैयार नहीं थे। काफी देर तक अस्पताल में हंगामा करते रहे। खाना-पीना बंद कर दिया। ड्यूटी पर तैनात चिकित्सकों के काफी समझाने के बाद भी वह तैयार नहीं हुए तो सूचना उच्चाधिकारियों को दी गई। हंगामे से नाराज चिकित्सक व कर्मचारियों ने सामूहिक इस्तीफे की भी धमकी दी। आननफानन सीएमओ डॉ. राकेश कुमार अस्पताल पहुंचे। किसी तरह समझा कर खाना खिलाया। सीएमओ के काफी समझाने और पार्टी नेताओं के हस्तक्षेप पर वह किसी तरह राजी हुए।