जौनपुर। नगर कोतवाली क्षेत्र के कालीकुत्ती मोहल्ले में 18 अगस्त की सुबह कलेक्ट्रेट अधिवक्ता संघ के पूर्व अध्यक्ष विजय प्रताप सिंह के साथ हुई मारपीट के मामले में जिन चार आरोपियों पर मारपीट, बलवा और लूट का मुकदमा दर्ज हुआ है उसमें दो मृतक भी हैं। गिरफ्तारी के लिए पुलिस आरोपियों के घर पहुंची तो इस बात का खुलासा हुआ। जिन दो मृतकों पर केस दर्ज हुआ है उनमें एक दीवानी के पूर्व अधिवक्ता हैं।
कालीकुत्ती मोहल्ला निवासी एवं कलेक्ट्रेट अधिवक्ता समिति के पूर्व अध्यक्ष विजय प्रताप सिंह ने
शहर कोतवाली में 18 अगस्त को चार के खिलाफ मारपीट, बलवा और लूट का केस दर्ज कराया है। अधिवक्ता विजय प्रताप की ओर से पुलिस को दी गई तहरीर में कहा गया है कि वह 18 अगस्त को सुबह करीब दस बजे कलेक्ट्रेट जा रहे थे। कालीकुत्ती मोहल्ले के पास रास्ते में देखा कि भीड़ जुटी थी। वहां मौजूद बेटे सौरभ को देख वह रुके और भीड में चले गए तो लोगों ने उनके साथ मारपीट की और उनके गले से सोने की चेन व जेब से रूपये लूट लिए। अधिवक्ता विजय प्रताप सिंह की तहरीर पर पुलिस ने कालीकुत्ती मोहल्ला निवासी रामप्रसाद, जय प्रकाश, ओम प्रकाश एवं राहुल के खिलाफ केस दर्ज कर लिया। पुलिस की जांच में पता चला है कि आरोपी ओम प्रकाश दीवानी में अधिवक्ता थे। उनकी इसी साल तीन फरवरी को मौत हो चुकी है। जबकि दूसरे आरोपी ओमप्रकाश के चचेरा भाई राम प्रसाद की 14 जनवरी 2008 को मौत हो चुकी है। उनके मूल निवासी जंगीपुर सरपतहा की प्रधान बदामा देवी ने मृत्यु प्रमाण पत्र दिया है। नगर कोतवाली प्रभारी पवन कुमार उपाध्याय का कहना है कि पुलिस की जांच में यह पता चला है कि अधिवक्ता विजय प्रताप ने जिन चार लोगों के खिलाफ केस दर्ज कराया और आरोप लगाया था कि पुलिस ने आरोपियों को पकड़कर छोड़ भी दिया उनमें से दो की पहले ही मौत हो चुकी है।