आजमगढ़ रोड पर चोरसंड गांव के पास तेज आंधी आने से मुख्य मार्ग पर गिरा पेड़। संवाद
- फोटो : JAUNPUR
जौनपुर। सोमवार की शाम आंधी के कारण आसमान धूल से पट गया। आंधी इतनी तेज थी कि सभी लोग अपना सामान समेटने लगे। कई स्थानों पर सड़क पर पेड़ गिर पड़े। इससे यातायात व्यवस्था बाधित हो गई। इतना ही नहीं, कुछ मकानों पर लगे टीनशेड भी उड़ गए।
बृहस्पतिवार को पारा 44 डिग्री सेल्सियस के करीब था। शुक्रवार को भी यही स्थिति बनी रही। शानिवार को सुबह करीब आठ बजे आंधी के साथ हुई बारिश से लोगों को उमस भरी गर्मी से राहत मिली थी। मौसम ने फिर करवट लिया और सोमवार को करीब पांच बजे तेज हवा के साथ फिर बारिश हुई तो मौसम खुशनुमा हो गया। शाम को पारा लुढ़क कर 37 डिग्री सेल्सियस पर पहुंच गया। न्यूनतम तापमान 28 डिग्री सेल्सियस से गिरकर 26 पर पहुंच गया। तीन दिन के भीतर हुई दो बार बारिश के चलते तापमान में काफी गिरावट दर्ज की गई है। इससे आमजन को गर्मी से काफी राहत मिली। मौसम वैज्ञानिकों की माने तो तापमान में अभी और गिरावट आने की संभावना है। जिला मुख्यालय समेत जिले भर में तेज आंधी के बाद बारिश हुई। इससे लोगों को काफी राहत मिली।
धर्मापुर में दोपहर बाद आए अंधड़ की वजह से जौनपुर-आजमगढ़ मार्ग पर चोरसंड गांव के पास सड़क पर पेड़ गिर पड़ा। गनीमत रही कि उस दौरान कोई वाहन वहां से नहीं गुजर रहा था। इसलिए कोई बड़ा हादसा नहीं हुआ। हालांकि पेड़ गिरने की वजह से आवागमन अवरुद्ध हो गया। ग्रामीण पेड़ को काटकर हटाने का प्रयास करते रहे। बिथार बाईपास से आवागमन की सुविधा होने की वजह से जाम की कोई स्थिति नहीं बनी।
सतहरिया में मुंगराबादशाहपुर के प्रतापगढ़ रोड पर स्थित चौरसिया इलेक्ट्रानिक दुकान के ठीक सामने एक अशोक का पेड़ बिजली तार के साथ सड़क के बीचों बीच गिर गया। इससे आवागमन बाधित हो गया। संयोग था कि कोई अनहोनी घटना नहीं घटी जबकि यह पेड़ घनी बस्ती में था। बदलापुर में दोपहर बाद आई आंधी के साथ पानी में लोगों को भारी मुसीबत उठानी पड़ी। किसी के घर पर रखा टीनशेड उड़ गया तो किसी के घर का सीमेंट शेड टूटकर क्षतिग्रस्त हो गया। इतना ही नहीं, कई स्थानों पर पेड़ की डालियां टूटकर गिर गईं। आम की फसल का भी नुकसान हुआ है। हालांकि हल्की बारिश और तेज हवा के कारण गर्मी से लोगों को राहत मिली है। सुजानगंज में करीब साढ़े तीन बजे अचानक मौसम ने करवट ली और तेज हवा के साथ करीब आधे घंटे तक बौछारें पड़ीं। इससे लोगों को उमस से निजात मिली। मछलीशहर में तेज आंधी में लोगों के छप्पर उड़ गए। टीनशेड कहीं उड़ गए तो कहीं टूटकर क्षतिग्रस्त हो गए। सबसे अधिक आम की फसल को नुकसान हुआ है। मुफ्तीगंज में भी यही हाल रहा। गौराबादशाहपुर के बारी बाजार के पास बारी मार्ग पर नीम का पेड़ गिर जाने से घंटों तक आवागमन ठप रहा। इस मार्ग से भुइली भदेवरा धानापुर काकोरी देवाकलपुर सुरैला तारा उमरी समेत लगभग दो दर्जन से अधिक गांव के राहगीरों का आना जाना रहता है।