संवाद न्यूज एजेंसी
मुंगराबादशाहपुर। शारदा सहायक खंड 39 नहर का बांध शुक्रवार देर रात भिखारीपुर-फत्तूपुर निस्फी गांव के पास अचानक टूट गया। बांध टूटते ही नहर का पानी तेज बहाव के साथ आसपास के खेतों में पहुंचने लगा। कुछ ही देर में बड़ी संख्या में खेत पानी से लबालब हो गए। 50 बीघा से अधिक धान की फसल जलमग्न हो गई है।
ग्रामीणों ने तत्काल नहर विभाग को सूचना देकर पानी बंद कराने की मांग की। सपा नेता विवेक यादव ने नहर विभाग के अधिकारियों व विधायक पंकज पटेल को जानकारी दी। सूचना पर नहर विभाग के कर्मचारी मौके पर पहुंचकर ग्रामीणों की मदद से नहर में पानी का प्रवाह बंद कराया। इसके बाद टूटे बांध की मरम्मत का काम शुरू किया गया। पानी का बहाव रोकने के लिए जेसीबी मशीन लगाई गई। काफी प्रयास के बाद शनिवार दोपहर तक पानी का बहाव नियंत्रित किया जा सका। हालांकि तब तक नहर का पानी आसपास के खेतों में फैल चुका था। नहर टूटने की सूचना पर एसडीएम अजय उपाध्याय, सीओ प्रतिमा वर्मा और नहर विभाग के अधिकारी प्रवीण मिश्रा व थानाध्यक्ष अश्विनी दूबे मौके पर पहुंचकर प्रभावित खेतों और नहर के टूटे हिस्से का निरीक्षण किया। एसडीएम अजय उपाध्याय ने बताया कि प्रभावित किसानों की सूची तैयार के निर्देश दिए गए हैं।
इन किसानों की डूबी फसल : ग्रामीणों के अनुसार द्वारिका प्रसाद की करीब 16 बिस्वा, ब्लॉकचंद्र बिंद की एक बीघा, देवेंद्र यादव की एक बीघा, सरजू देवी की डेढ़ बीघा, लालचंद बिंद की एक बीघा, फूलचंद बिंद की एक बीघा, नक्को बिंद का एक बीघा, रामसूरत की आधा बीघा, अभिषेक यादव की 28 बिस्वा, रामप्रकाश सिंह की दो बीघा और रमाशंकर यादव की एक बीघा धान की फसल डूब गई। इसके अलावा रामलखन पांडेय, राजू यादव, दिनेश यादव, कमलाकांत पांडेय, रामनरेश पांडेय, चंद्रभूषण यादव, कृष्णा यादव और अमरजीत पांडेय के खेत भी नहर के पानी से जलमग्न हो गए।
अवर अभियंता प्रवीण तिवारी ने बताया कि बारिश होने से नहर में पानी का दबाव बढ़ गया था। दबाव अधिक होने के कारण बांध का हिस्सा टूट गया।