सपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष व पूर्व सीएम अखिलेश यादव मंगलवार को खुटहन के पिलकिक्षा गांव स्थित पूर्व प्रमुख सरयू देई के पति धर्मराज यादव के निधन पर श्रद्धांजलि देने पहुंचे। इस दौरान वह सीएम योगी आदित्यनाथ व भाजपा सरकार पर हमलावर रहे। कहा कि सुप्रीम कोर्ट ने भी माना कि यूपी में कानून का शासन पूरी तरह से ध्वस्त हो गया है।
जो बात हम लोग कहते थे वहीं सुप्रीम कोर्ट भी कह रही है। प्रदेश में कानून नाम की कोई चीज नहीं रह गई है। प्रत्येक थाने में फर्जी मुकदमे लिखे जा रहे हैं। मनमानी ढंग से पैसे वसूले जा रहे हैं। इस बात को जौनपुर की जनता से बेहतर और कौन जानता है। पुलिस कस्टडी में पुजारी यादव की मौत, मंगेश यादव एनकाउंटर समेत कई उदाहरण देते हुए अखिलेश यादव ने सरकार पर हमला बोला।
उन्होंने कहा कि हमारे मुख्यमंत्री कुछ नहीं जानते अगर उनको वीवो का मोबाइल दे दीजिए तो चला नहीं पाएंगे, आईफोन को दीवार पर पटककर तोड़ देंगे। वाराणसी में छात्रा से गैंगरेप के मामले पर अखिलेश यादव ने कहा कि यह घटना जो वाराणसी में हो रही है दुखद है और अगर संख्या देखें तो सबसे ज्यादा असुरक्षित उत्तर प्रदेश है।
उन्होंने वक्फ बोर्ड को लेकर कहा कि जो भी न्यायालय में वक्फ बोर्ड के समर्थन में जाएगा उसका समाजवादी पार्टी समर्थन करेगी। गाजियाबाद के विधायक पर कहा कि भाजपा की सरकार में भाजपा के विधायक तक सुरक्षित नहीं हैं तो आम जनता कैसे सुरक्षित रहेगी। गाजियाबाद के विधायक के कुर्ते फाड़ दिए जा रहे हैं।
विधायक आज भी फटे कुर्ते पहनकर टहल रहे हैं लेकिन उनको न्याय नहीं मिल पा रहा है। इस सरकार में पुलिस ही पुलिस के खिलाफ मुकदमा दर्जकर उन्हें पकडने के लिए ढूंढ रही है। वही दिल्ली के सीएम रेखा गुप्ता के सवाल पर बोले की वह कौन हैं उन्हें हम नहीे जानते। अगर आप लोग को जानकारी हो तो हमसे उनका मुलाकात कराइए।
कहा कि अगर रामजी सुमन से किसी का व्यवहार खराब होता है तो उसकी जिम्मेदारी भाजपा की होगी। इस मौके पर जौनपुर सांसद बाबू सिंह कुशवाहा, मछलीशहर सांसद प्रिया सरोज, मछलीशहर विधायक डा.रागिनी सोनकर, मल्हनी विधायक लकी यादव, केराकत विधायक तूफानी सरोज, पूर्व मंत्री शैलेंद्र यादव ललई, सुरेंद्र यादव आदि उपस्थित रहे।