आजमगढ़ से मुंबई जाने वाली ट्रेन नंबर 11054 के जनरल कोच में शुक्रवार की सुबह बैठने को लेकर शाहगंज और मडिय़ाहूं में यात्रियों के बीच जमकर कहासुनी के बाद मारपीट और पथराव हुआ। इसमें बारह से अधिक यात्रियों को चोटें आई हैं।
शाहगंज और मडिय़ाहूं में ट्रेन विलंबित हुई। किसी तरह आरपीएफ और जीआरपी ने स्थिति को संभाली। शाहगंज रेलवे स्टेशन पर आजमगढ़ एलटीटी एक्सप्रेस सुबह करीब सवा सात बजे प्लेटफार्म नंबर तीन पर जैसे ही पहुंची तभी यात्रियों ने
इंजन के पीछे लगे जनरल कोच में बैठने का प्रयास शुरू किया। अंदर से दरवाजा बंद करने को लेकर कहासुनी होने लगी। दरवाजा नहीं खुला तो बाहर से यात्रियों ने गालीगलौज और पथराव शुरू कर दिया। जीआरपी प्रभारी एपी सिंह ने बताया कि
यात्रियों ने अंदर से दरवाजा बंद कर लिया था। इससे कहासुनी हुई। उन्होंने पथराव की घटना से इनकार किया। कहा कि दरवाजा खोलवाकर यात्रियों को बैठवा दिया गया था। उधर मडिय़ाहूं स्टेशन पर ट्रेन करीब नौ बजे पहुंची तो वहां भी ऐसी
ही स्थिति उत्पन्न हो गई। वहां भी जनरल कोच का अंदर से दरवाजा न खुलने पर बाहर से यात्रियों ने हो हल्ला करते हुए पथराव कर दिया। इसमें अंदर बैठे कई यात्रियों को चोटें आई। घायलों में बीके मालवीय, ज्ञानचंद्र, राजू यादव, सुलेमान
आदि बताए जाते हैं। इनका आरोप है कि इनका तीन बैग भी लूट लिया गया। आजमगढ़ निवासी शिवचंद्र यादव ने बताया कि उनके बैग में नकदी, पासपोर्ट सहित जरूरी कागजात थे। मारपीट और पथराव के बीच बीस मिनट ट्रेन स्टेशन पर रुकी रही। यात्रियों ने इस दौरान चार बार चेनपुलिंग किया।
स्टेशन अधीक्षक रामजी उपाध्याय का कहना है कि इसकी सूचना जीआरपी जंघई को दे दी गई लेकिन मौके पर फोर्स नहीं पहुंची।