सठियांव। दी किसान सहकारी चीनी मिल सठियांव परिसर स्थित उर्वरक व कीटनाशक दवाओं का वितरण केंद्र बंद होने के कारण परिक्षेत्र के किसान समस्या से जूझ रहे हैं। केंद्र प्रभारी का पता नहीं है और किसान प्रतिदिन चक्कर लगाकर वापस लौट जाते हैं।
कोरोना महामारी के साथ ही अब टिड्डी दल के आने की आशंका से किसान भयभीत हैं। किसानों की फसलों को उर्वरक एवं कीटनाशक दवाओं का छिड़काव करने के लिए चीनी मिल परिसर में स्थापित केंद्र पर ताला लगा हुआ है। जिससे किसान मुस्किल में फंसता नजर आ रहा है। जाए तो जाए कहां आर्थिक तंगी कारण अधिक दामों पर उर्वरक एवं कीटनाशक दवाओं का खरीदना किसानों को दिन में तारे देखने के समान है। ऐसी हालत में किसान दुविधा में है। किसानों को खरीफ की मुख्य फसल धान एवं गन्ना के लिए उर्वरक व कीटनाशक दवाओं की दरकार है। सूत्रों की मानें तो वितरण केंद्र प्रभारी गन्ना सर्वे के कार्य लगे हुए हैं और केंद्र पर ताला लटकता नजर आ रहा है। किसानों ने चीनी मिल के अधिकारियों से समस्या की ओर ध्यान आकर्षित कराते हुए केंद्र पर किसी अन्य की तैनाती करने की मांग की है ताकि किसानों को समस्या से निजात मिल सके। मुख्य गन्ना अधिकारी डाक्टर विनय प्रताप सिंह ने बताया कि जिस किसान को उर्वरक व कीटनाशक दवाओं की जरूरत है वह फोन से संपर्क करके ले सकता है।