नगरीय निकाय चुनाव को लेकर जिला प्रशासन ने तैयारियां तेज कर दी हैं। एक अप्रैल को मतदाता पुनरीक्षण के प्रकाशन से पहले नोडल अधिकारी व सहायक नोडल अधिकारियों को जिम्मेदारियां सौंपी गईं। 24 नोडल व 56 से अधिक सहायक नोडल अधिकारी बनाए गए हैं। सभी को पत्र भी भेज दिया गया है। नगरीय निकाय चुनाव को संपन्न कराने के लिए प्रशासन की तरफ से 21 भाग बनाए गए हैं। इसके तहत मतदान, मतगणना कार्मिक नियुक्ति एवं प्रशिक्षण, वाहन, ईधन, रूटचार्ट एवं मानचित्र, मतपत्रों के मुद्रण व्यवस्था एवं निकायवार आरओ को मतपत्र उपलब्ध कराया जाना, डाक मतपत्रों का मुद्रण एवं भेजने संबंधी समस्त व्यवस्थाएं, निर्वाचन लेखन सामग्री की तैयारी, प्रपत्रों का मुद्रण व मतदान कार्मिकों के लिए समस्त सामग्री सहित बैग तैयार कराने संबंधी व्यवस्था, मतपेटिकाओं की व्यवस्था व मतपेटिकाओं की मरम्मत एवं आयलिंग, ग्रीसिंग संबंधी कार्य, प्रेक्षक व्यवस्था है। आदर्श आचार संहिता, कंट्रोलरूम एवं सूचना प्रेषण, वीडियोग्राफी, सीसीटीवी, मीडिया, टेंटेज, बैरिकेडिंग व्यवस्था, विद्युत व्यवस्था, व्यय लेखा एवं अग्रिम यात्रा भत्ता, मतदाता सूची, शिकायत काल सेंटर, पेयजल व सफाई व्यवस्था, सूचना का प्रेषण, खानपान व्यवस्था, चिकित्सा व्यवस्था, वेब कास्टिंग के लिए नोडल व सहायक नोडल अधिकारी बनाए गए हैं। इसमें पूर्व में अक्तूबर में होने वाले चुनाव को लेकर काफी फेरबदल किया गया है। कई अधिकारियों के स्थानांतरण व बदलाव के चलते उन प्रभारी अधिकारियों के नाम में भी बदलाव किया गया है। सहायक जिला निर्वाचन अधिकारी राकेश सिंह ने बताया कि नगरीय निकाय चुनाव को संपन्न कराने के लिए डीएम के निर्देश पर नोडल व सहायक नोडल अधिकारी बना दिए गए हैं। अब इन्हीं अधिकारियों के जरिए संपूर्ण नगरीय चुनाव कराए जाएंगे।