पश्चिमी विक्षोभ के कारण जिले में तीन दिनों से मौसम गर्म है। दो दिन में दो डिग्री तापमान बढ़ा है। मंगलवार को उमस भरी गर्मी और तेज धूप से लोग बेहाल रहे।
अधिकतम तापमान 41 डिग्री दर्ज किया गया। न्यूनतम तापमान 28 डिग्री सेल्सियस रहा। मौसम विशेषज्ञ ने 15 मई के बाद लू की संभावना जताई है।
मंगलवार को सुबह आठ बजे ही धूप लोगों को चूभने लगी। दो दिन पहले अधिकतम तापमान 39 डिग्री दर्ज किया गया था। गर्मी और धूप के चलते सड़कों पर दोपहर के समय सन्नाटा पसरा रहा।
लोग दिनभर घरों में में ही रहे। पंखें और कूलर के सामने भी लोग बेहाल नजर आए। मुख्य बाजार, मुख्य चौराहों व सार्वजनिक जगहों पर आवाजाही कम रही। जिला अस्पताल के फिजिशियन डॉ. अशोक यादव ने बताया कि गर्मी व लू से बचाव के लिए खूब पानी पीना चाहिए। खाली पेट नहीं रहना चाहिए। शराब व चाय-कॉफी के अधिक सेवन से बचना चाहिए। पूरे शरीर को ढककर बाहर निकलना चाहिए।
दिन में 12 से 4 के बीच बाहर निकलने से बचना चाहिए। बाहर निकलते समय छतरी व धूप के चश्मे का उपयोग करना चाहिए। धूप में निकलने से पहले कम से कम दो गिलास पानी जरूर पीना चाहिए। बुखार व लू लगने पर निकट के अस्पताल में डॉक्टरों से परामर्श लेना चाहिए। ओआरएस के घोल, नारियल पानी, छाछ, नींबू पानी, फलों के रस का सेवन करना चाहिए। -अतुल कुमार सिंह, राज्य मौसम केंद्र प्रभारी ने कहा कि पश्चिमी विक्षोभ के कारण दो दिन से लगातार तापमान बढ़ रहा है जिससे गर्मी व उमस बढ़ी है।
15 मई के बाद लू की भी संभावना है। ऐसे में लोग जरूरी हो तो तभी घर से बाहर निकलें। फिलहाल अभी गर्मी से राहत मिलने की उम्मीद नहीं है।