जौनपुर। कोरोना संक्रमण की चेन तोड़ने के लिए लागू 35 घंटे के कोरोना कर्फ्यू के बाद सोमवार को बाजार खुलते ही शहर की सड़कों का सन्नाटा टूट गया। सब्जी, फल, किराना, और दवा की दुकानों पर भीड़ जमा हो गई। इस भीड़ में शामिल लोगों की लापरवारी को देख ऐसा लगा जैसे वे कोरोना संक्रमण को भूल गए। कार्रवाई के डर से अधिकतर लोगों के चेहरों पर मास्क जरूर नजर आए लेकिन दो गज की दूरी का पालन किसी ने नहीं किया।
सोमवार को सुबह बाजार में खरीदारी के लिए निकले लोगों की भीड़ के चलते कोतवाली, चहारसू, ओलंदगंज, सब्जीमंडी में सड़क पर जाम की स्थिति बनती रही। सुबह करीब साढ़े नौ बजे सब्जीमंडी और कोतवाली से लेकर ओलंदगंज की बाजारों ऐसी भीड़ रही जैसे कर्फ्यू में छूट दी गई हो। सभी दुकानों पर ग्राहकों का जमावड़ा नजर आया। दो गज की दूरी के मानक को पूरी तरह से लोगों ने नजर अंदाज किया। पहले की तरह दुकानों के बाहर गोल घेरा भी नहीं बना है। एक तो रामनवमी की तैयारी दूसरे रमजान को लेकर बाजारम में खरीदारों की भीड़ रही। किराना की दुकानों से लेकर कपड़े की दुकान, बर्तन, फल और सब्जी की दुकानों पर ग्राहकों की भीड़ दिखी। इस भीड़ में सामिल ग्राहकों को न तो दुकानदारों ने दो गज की दूरी बनाने के लिए समझाया और न ही ग्रहकों ने खुद से नियम का पालन किया। मास्क पहनने में भी लापरवाही दिखी। सब्जी मंडी में तो कई दुकानदार भी बिना मास्क के ही दिखे। ओलंदगंज चौराहे के पास स्थित फल की दुकान पर खरीदारों की भीड़ लगी रही। एक दुकान खड़े करीब दस ग्राहकों में से दो बिना मास्क के थे और कई के मास्क नाक से नीचे था। फलवाली गली में किराना की दूकान और जहांगिराबाद में स्थित दवा की दुकान पर भी ऐसा ही लापरवाही का नजारा दिखा। ग्रामीण इलाकों की बाजारों में भी भीड़ ऐसी दिखी जैसे लोगों को कर्फ्यू में छूट दी गई हो। नौपेड़वा, बक्शा, शंभूगंज, बदलापुर बाजर में दुकानों पर भी दो गज की दूरी का मानक किसी को याद नहीं रहा।
जाएगा।