उच्च न्यायालय लखनऊ बेंच के प्रशिक्षु अधिवक्ता श्रवण कुमार वर्मा की निर्मम हत्या एवं अधिवक्ताओं पर किए गए लाठीचार्ज के विरोध में दीवानी न्यायालय अधिवक्ता संघ ने गुरुवार को कार्य का बहिष्कार कर विरोध जताया।
अधिवक्ताओं ने घटना की निंदा की। दोषी लोगों के खिलाफ कार्रवाई किए जाने की मांग की। दीवानी न्यायालय परिसर में चक्रमण करते हुए पुलिस प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी और विरोध जताया। दीवानी न्यायालय अधिवक्ता
संघ सभागार में अधिवक्ताओं की बैठक श्रवण कुमार वर्मा की निर्मम हत्या की जांच कराए जाने की मांग की। कहा कि लखनऊ में अधिवक्ताओं द्वारा किए जा रहे विरोध प्रदर्शन पर पुलिस ने लाठी चार्ज करके तानाशाही का परिचय
दिया है। सर्वसम्मिति से प्रस्ताव पारित कर पूरे दिन न्यायिक कार्य से विरत रहे। इस मौके पर अध्यक्ष सत्येंद्र बहादुर सिंह, मंत्री जयप्रकाश सिंह, अब्दुल सलाम आजाद, धनंजय कुमार सिंह, राणा प्रताप सिंह, रविंद्र विक्रम सिंह,
बृजेश सिंह, पंकज त्रिपाठी, संजय श्रीवास्तव, हिमांशु यादव, मनोज श्रीवास्तव, रमेश चंद्र पाल, राजू गुप्ता आदि मौजूद रहें।बदलापुर संवाददाता के अनुसार तहसील अधिवक्ता संघ की बैठक में लखनऊ के अधिवक्ता श्रवण वर्मा
की हत्या के विरोध में न्यायिक कार्य से विरत रहने का निर्णय लिया गया। इस दौरान अधिवक्ताओं ने शासन से 50 लाख मुआवजा दिए जाने की मांग की।
बैठक में अध्यक्ष प्रदीप सिंह, मुन्ना यादव, अशोक तिवारी, श्रीप्रकाश पाण्डेय, विनोद कुमार सिंह, लालता प्रसाद, राजदेव यादव, लक्ष्मी शंकर, भानु सिंह, विष्णुदत्त शुक्ला, वृजनाथ विश्कर्मा, राजकुमार, धीरेन्द्र सिंह सहित अन्य अधिवक्ता मौजूद रहे।