बिजली विभाग के कारनामे जग जाहिर हैं। ऐसे में एक और हैरतअंगेज मामला प्रकाश में आया है। बिना कनेक्शन लिए ही एक व्यक्ति के नाम एक लाख से अधिक का बकाया बिजली बिल भेज दिया गया है। बिना बल्ब जलाए ही इतनी बड़ी रकम का बकाया बिल आने पर पीड़ित व्यक्ति विद्युत उपकेंद्र कार्यालय पर मामले की जांच कराकर बिल खत्म करने के लिए चक्कर लगा कर थक गया है, लेकिन अभी तक उसमें सुधार नहीं हो सका है।
बंसफा दलित बस्ती निवासी राम खेलावन के घर में अभी तक बिजली नहीं पहुंची और न ही उसने बिजली कनेक्शन लेने के लिए कभी आवेदन किया। बावजूद उसके नाम एक लाख चार हजार तीन सौ बारह रुपये का भारी भरकम बिजली का बिल आ गया है। वह बताते हैं कि इसे सुधरवाने के लिए वह बार-बार स्थानीय उपकेंद्र कार्यालय का चक्कर लगा रहा है, लेकिन कोई सुनवाई नहीं हो रही है। बताया कि अब उपकेंद्र के प्राइवेट बिजली कर्मी कनेक्शन लेने का दबाव बना रहे हैं। लेकिन उसने मना कर दिया। उसको डर है कि अब कनेक्शन लेने पर उसके नाम से जारी फर्जी बिजली बिल का भुगतान भी उससे वसूला जाएगा। वैसे भी वह निहायत गरीब है। इतना बड़ा बिजली बिल जमा करना उसके लिए संभव ही नहीं। इस संबंध में सिकरारा विद्युत उपकेंद्र के अवर अभियंता राम नारायण यादव ने बताया कि बिना कनेक्शन के बिल आना सम्भव नहीं है। जब तक किसी का कोई कगजात आईडी(आधार या मतदाता पहचान पत्र) व फोटो आदि विभाग को नहीं दिया जाता तब तक उस व्यक्ति का नाम उपभोक्ता की सूची में दर्ज नहीं होता। यह सम्भव है कि इन्हें जानकारी न हुई हो कि उनके नाम की कभी रसीद बनी थी या नहीं।