धर्मापुर। पूर्वांचल में आस्था का केंद्र मां शीतला चौकियां धाम में नवरात्र के पांचवें दिन मां स्कंदमाता के स्वरूप में श्रद्धालुओं ने माता के दर्शन-पूजन किए। दिनभर में करीब 35 हजार श्रद्धालुओं ने धाम में मत्था टेका। प्रातःकाल 4 बजे मंदिर के कपाट खुलने के बाद मां का भव्य शृंगार दौना के पत्तों, गेंदा, गुलाब और लाल वस्त्र से किया गया। इसके बाद आरती की गई। वहीं सैकड़ों श्रद्धालुओं ने कड़ाही चढ़ाकर माता को हलवा-पूड़ी चढ़ाकर भोग लगाया। मंदिर खुलने के पहले ही ब्रह्म मुहूर्त से माता रानी के दर्शन के लिए श्रद्धालुओं की लंबी कतार लग गई थी। कपाट खुलने के बाद दर्शनार्थी बारी-बारी से दर्शन-पूजन करते रहे। मंदिर के पुजारी चंद्रदेव पंडा ने बताया कि इस बार नवरात्र 8 दिन का है। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार मां स्कंदमाता की पूजा और उपासना करने से भक्तों की सभी तरह के रोग, कष्ट और शोक समाप्त हो जाते हैं।
लल्लन प्रसाद पंडा ने बताया कि मां की आठ भुजाएं हैं। जिनमें कमंडल, धनुष, बाण, कमल का फूल, अमृत कलश, चक्र, गदा और जप माला धारण किए हुए हैं। महंत विवेकानंद पंडा ने बताया कि मंगलवार को नवरात्रि के पांचवें दिन सुबह 5 बजे से शाम के छह बजे तक करीब 35 हजार श्रद्धालुओ ने दर्शन पूजन किए। उधर, सिटी स्टेशन रोड स्थित मां आद्याशक्ति दक्षिणा काली मंदिर में दर्शन पूजन के लिए दर्शार्थियों की भीड़ उमड़ रही है। शाम को भजन संध्या से परिसर गूंज रहा है। मां काली का दर्शन करने के लिए काफी संख्या में लोग पहुंच रहे हैं। मंदिर कोलकाता वाली काली के नाम से जाना जाता है। मंदिर के संस्थापक व पुजारी भागवती सिंह ‘वागीश’ ने बताया कि यह काली जी की सनातनी सिद्धपीठ है। इस मौके पर सर्वेश सिंह, दलसिंगार विश्वकर्मा, रामपाल विश्वकर्मा, वेद प्रकाश सिंह, विक्रम गुप्ता, अमित निगम आदि रहे।