जौनपुर। वीर बहादुर सिंह पूर्वांचल विश्वविद्यालय में आयोजित मोबाइल जर्नलिज्म (मोजो) मीडिया लेखन एवं फोटोग्राफी विषयक पांच दिवसीय कार्यशाला में शुक्रवार को समापन हुआ। विद्यार्थियों को मोजो की गतिविधियों को पावर प्वाइंट से प्रदर्शन कर समझाया।
इंदिरा गांधी राष्ट्रीय जनजाति केंद्रीय विश्वविद्यालय अमरकंटक मध्य प्रदेश के पत्रकारिता विभाग के विभागाध्यक्ष प्रोफेसर राघवेंद्र मिश्रा ने कहा कि डिजिटल क्रांति ने पत्रकारिता को नया आयाम दिया है। मोबाइल टेक्नोलॉजी ने न केवल पत्रकारिता को रि-डिफाइन किया है, बल्कि इसके काम करने के तरीकों को भी बदल दिया है। प्रो. मिश्रा ने कहा कि टेक्नोलॉजी ने सभी को स्मार्ट बना दिया है। खबरों की प्रस्तुति और प्रसार की प्रक्रिया बदल गई है। पहले जहां समाचार केवल प्रिंट मीडिया, रेडियो और टीवी तक सीमित था, वहीं आज हर व्यक्ति मोबाइल से एक पत्रकार की भूमिका निभा सकता है। आज पत्रकारिता मशीनरी टेक्नोलॉजी और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के दौर में प्रवेश कर चुकी है। भविष्य की पत्रकारिता डिजिटल तकनीक और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस पर आधारित होगी।
पूर्वांचल विश्वविद्यालय के जनसंचार एवं पत्रकारिता विभाग और पंजाब नेशनल बैंक की ओर से आयोजित कार्यशाला के प्रतिभागियों को कुलपति प्रो. वंदना सिंह ने प्रमाणपत्र वितरित किया। कुलपति ने कहा कि जो विद्यार्थी पत्रकारिता के क्षेत्र में कदम रख रहे हैं, उन्हें हमेशा सत्य और निष्पक्षता का ध्यान रखना चाहिए। मोजो से समाजोपयोगी कंटेंट को बनाएं और शेयर करें। पत्रकारिता वह है जो सत्ता और समाज के बीच सेतु का काम करती है। साथ ही समय- समय पर मार्गदर्शन भी करती रही है।
इस अवसर पर विभागाध्यक्ष प्रो. मनोज मिश्र ने स्वागत भाषण एवं धन्यवाद ज्ञापन किया। प्रथम सत्र का संचालन डॉ. सुनील कुमार और द्वितीय सत्र का संचालन डॉ. चंदन सिंह ने किया। धन्यवाद ज्ञापन डॉ. अमित मिश्र ने किया। इस अवसर पर डॉ. दिग्विजय सिंह राठौर, अर्पित यादव, डॉ. सुरेंद्र कुमार, राहुल गुप्ता आदि उपस्थित रहे।