ब्यूटी पार्लर से लापता जिस विवाहिता का पुलिस ने अपहरण का मुकदमा दर्ज किया था वह राजस्थान के अलवर जिले में अपने प्रेमी के साथ मिली। पुलिस के साथ पहुंचे विवाहिता के पति व परिवार के अन्य सदस्यों ने उसे घर वापस चलने के लिए कहा लेकिन उसने इनकार कर दिया।
राजस्थान से लौटे चौकी इंचार्ज एनआर सरोज ने बताया कि विवाहिता ने अपने घर वालों से कहा कि वह अपने प्रेमी के साथ भी खुश नहीं है, लेकिन पता है कि वापस चलने पर उस घर में भी मेरी कोई इज्जत नहीं रहेगी इसलिए अब मैं उसी के साथ रहना चाहती हूं।
इलाहाबाद के एक गांव का युवक पहली दिसंबर 2014 को अपनी पत्नी के साथ जंघई बाजार आया था। उसकी 26 वर्षीय पत्नी ब्यूटी पार्लर पहुंची तो अपने पति को कोई सामान लेने के लिए बाजार भेज दिया। पति बाजार से लौटा तो पत्नी ब्यूटी पार्लर से गायब थी। उसकी तहरीर पर पुलिस ने अपहरण का मुकदमा दर्ज किया था। जांच कर रही पुलिस को विवाहिता के मोबाइल फोन की लोकेशन से पता चला कि वह राजस्थान के अलवर जिले में है।
पुलिस के साथ विवाहिता के पति, उसके माता पिता भी राजस्थान के अलवर जिला पहुंच गए। फोन उसके प्रेमी नीरज सेन के पास था। पुलिस ने कोरियर से आए सामान देने के बहाने उसे फोन कर धोखे से वहां बुलवाया। उसे लेकर पुलिस विवाहिता के पास पहुंची। विवाहिता ने बताया कि एक मिस्ड काल की वजह से उसकी नीरज सेन से बात होने लगी थी। प्रेम परवान चढ़ा तो उसने पति को छोड़ प्रेमी के पास आने का फैसला कर लिया।
घटना के दिन उसने ब्यूटी पार्लर से पति को बाजार भेजा था और वहां से बस पकड़ कर इलाहाबाद और वहां से दिल्ली के रास्ते ट्रेन से अलवर पहुंच गई। स्टेशन से ही प्रेमी ने उसे रिसीव कर लिया। नीरज सेन वहां सैलून में बाल काटने का काम करता है। इस बात का उसे पहले से पता नहीं था। उसके माता पिता ने साथ आने का दबाव जरूर बनाया पर उसने घर न लौटने की मजबूरी बताते हुए आने से मना कर दिया।