शाहगंज। नगर के भादी मोहल्ला स्थित इमामबारगाह बाबुल हवायज में बृहस्पतिवार देर शाम इमाम अयातुल्ला अली खामनेई की याद में मजलिस का आयोजन किया गया। अंजुमन लश्करे मेहदी के सरपरस्ती में आयोजित इस कार्यक्रम में बड़ी संख्या में लोगों ने नम आंखों से श्रद्धांजलि दी। मजलिस को संबोधित करते हुए मस्जिद करीमन बीबी के पेश इमाम मौलाना डॉ. सैय्यद कमर अब्बास ने कहा कि रहबर आयतुल्ला अली खामनेई की शहादत से दुनिया भर के इंसाफ पसंद लोगों को गहरा दुख पहुंचा है। इतिहास गवाह है कि करबला के बाद भी जुल्म के खिलाफ आवाज उठती रही। उन्होंने कहा कि रहबर ने शहादत को स्वीकार किया लेकिन शैतानी ताकतों के सामने कभी घुटने नहीं टेके। उनकी कुर्बानी कयामत तक इंसाफ और हक की राह दिखाती रहेगी। मजलिस के अंत में मौलाना ने देश में अमन-चैन और भाईचारे की दुआ कराई। इस मौके पर साहबे आलम, शाह मोहम्मद, इरफान, मोहम्मद हैदर, मौलाना आबिद हैदर आब्दी सहित सैकड़ों लोग मौजूद रहे।