न्यूनतम वेतन मान में संशोधन सहित 15 सूत्री मांग को लेकर हुए राष्ट्रव्यापी हड़ताल के कारण रोडवेज डिपो से बसों का संचालन बुधवार को सुबह से ही ठप हो गया।
इससे यात्रियों को परेशानी का सामना करना पड़ा । कई यात्री किसी तरह अपने गंतव्य तक पहुंचे तो कई यात्री रोडवेज प्रतीक्षालय में बसों के चलने का इंतजार कर रहे थे।
शाम चार बजे के बद बसें चलने लगीं। जिसमें सवार होकर यात्री अपने गंतव्य को रवाना हुए। वहीं बसों का संचालन नहीं होने से सरकार को लगभग सात लाख रुपए का नुकसान हुआ।
बता दें कि उत्तर प्रदेश परिवहन निगम के जौनपुर डिपो से कुल 78 बसों का संचालन होता है। जिसमें 62 परिवहन निगम और 16 अनुबंधित बसों का संचालन विभिन्न मार्गो पर होता है।
डिपो से हर दिन हजारों की संख्या में यात्री ंआवागमन करते हैं। न्यूनतम वेतन मान में संशोधन सहित 15 सूत्रीय मांग को लेकर बुधवार को हुए राष्ट्रव्यापी हड़ताल के कारण डिपो से बसों का संचालन सुबह से लेकर शाम चार बजे तक ठप
रहा। जिससे यात्रियों को दुश्वारियों का सामना करना पड़ा। यात्री अपने गंतव्य तक नहीं पहुंच पाए। यात्री गंतव्य तक पहुचने के लिए डिपो के प्रतिक्षालय में बैठ कर बसों के चलने का इंतजार कर रहे थे। कई यात्री तो किसी तरह अपने
गंतव्य तक पहुंचे, लेकिन उनको अपनी जेंबे ढ़ीली करनी पड़ी। शाम लगभग चार बजे हड़ताल समाप्त होने के बाद बसों का चलना शुरु हुआ। इसके बाद यात्री बस में सवार हो अपने गंतव्य के लिए रवाना हुए। सहायक क्षेत्रिय प्रबंधक सुदामा
प्रसाद ने बताया कि हड़ताल के कारण बुधवार को सुबह से लेकर शाम चार बजे तक बसों का संचालन नहीं हो पाया। बसों के नहीं चलने से लगभग सात लाख रुपये का घाटा हुआ है।