मंडलायुक्त वाराणसी नितिन रमेश कोकर्ण ने शनिवार को खुद के गोद लिए गए जलालपुर ब्लाक के काकोरी गांव का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने गांव में विकास कार्यों की समीक्षा की और घर घर शौचालय बनवाने के लिए प्रेरित
किया। उन्होंने ग्रामीणों से कहा कि अगली बार इस गांव में आने पर अगर शत प्रतिशत घरों में शौचालय बनाने का काम पूरा हो चुका होगा तो अन्य शासकीय योजनाओं का लाभ वरीयता के आधार पर दिया जाएगा। कुपोषित
बच्चों की सेहत में सुधार होने पर प्रसन्नता व्यक्त की। उन्होंने कहा कि शौचालय निर्माण करवाने वाले परिवार को 12 हजार रुपये उनके खाते में भेज दिया जाएगा। इस मौके पर नेत्र रोगी बच्चों को चश्मा वितरित किया गया। उन्होंने
प्राथमिक विद्यालय के बच्चों से पहाड़ा और अंग्रेजी विषय से कई सवाल पूछे बच्चों ने सवाल का जवाब दिया तो प्रसन्नता व्यक्त की। इस मौके पर आयोजित स्वास्थ्य शिविर में चिकित्सकों की टीम ने बच्चों और ग्रामीणों का
स्वास्थ्य परीक्षण किया। सीएमओ डा. दिनेश कुमार यादव ने 9 जानलेवा बीमारियों से बचाव के लिए सात टीका लगवाने का सुझाव ग्रामीणों को दिया। कहा कि पांच बीमारियों से बचाव के लिए एक इंजेक्शन जो बच्चों को निशुल्क
लगाया जाता है उसकी बाजार में कीमत 13 सौ रुपये है। मुख्य विकास अधिकारी पीसी श्रीवास्तव ने बताया कि गत माह मातृत्व सप्ताह में जिले में अच्छा होने से प्रदेश में जनपद को पहला स्थान मिला है। बीडीओ विरेन्द्र कुमार
को दो दिन के भीतर पात्र शौंचालय लाभार्थियों एवं अन्य योजनाओं के लिए सूची तत्काल उपलब्ध कराने का निर्देश दिया। इस अवसर पर आयुक्त ने लगभग दो दर्जन छात्र छात्राओं को चश्मा, पुष्टाहार आदि वितरित किया। मंडलायुक्त ने
कहा कि पिछलीबार जब वह इस गांव में आए थे तो 24 बच्चे अति कुपोषित, 74 कुपोषित बच्चे मिले थे। 9 कुपोषित बच्चे सामान्य श्रेणी में और 19 अति कुपोषित बच्चे कुपोषित की श्रेणी में चले गए हैं। इसके लिए उन्होंने
अभिभावकों, अंागनबाड़ी कार्यकर्ता विभागीय अधिकारियों की सराहना भी की। इस अवसर पर उप जिलाधिकारी केराकत सुशील लाल श्रीवास्तव, सीओ आरकेसिंह, तहसीलदार जयराम मौर्या, सीडीपीओ मीनी गुप्ता, आपूर्ति निरीक्षक आरके तिवारी, मो. असलम आदि मौजूद थे।