आतंकी हमले की धमकी मिलने पर कलेक्ट्रेट परिसर में जांच करती पुलिस।
स्टैंडर्ड आपरेटिंग प्रोसीजर(एसओपी) के रिहर्सल के लिए जिले की पुलिस सारी रात दौड़ती रही। रात में रेलवे स्टेशनों, बस स्टाप और होटलों की तलाशी ली गई। ट्रेनों में सफर कर रहे यात्रियों के बैग खंगाले गए और बुधवार को दिन में दीवानी न्यायालय परिसर की चप्पे चप्पे की तलाशी के साथ यहां आने वाले वादकारियों की भी विधिवत जांच पड़ताल की गई।
एसओपी के रिहर्सल के लिए एसपी अतुल सक्सेना ने आधी रात को पुलिस लाइन में पूरे अभियान की ब्रीफिंग की।
इसके बाद एसपी सिटी रामजी सिंह यादव, एसपी ग्रामीण अरुण कुमार श्रीवास्तव सीओ सिटी अमित राय के नेतृत्व में अलग अलग टीम बनाकर फोर्स को अभियान पर रवाना कर दिया गया। शहर में भारी फोर्स को देख एकबारगी लोग हैरान रह गए। पहले तो लोगों को लगा कि कहीं कोई बड़ी वारदात हुई है। सारी रात भंडारी और सिटी रेलवे स्टेशन पर चप्पे चप्पे की तलाशी ली गई। इधर से गुजरने वाली ट्रेनों में यात्रियों की तलाशी ली गई और उनके बैग आदि भी खंगाले गए। खास तौर से बाहर से आकर होटलों में रुकने वालों से पूछताछ भी हुई। सुबह दीवानी न्यायालय परिसर का नजारा ही बदला हुआ था।
सैकड़ों की संख्या में पुलिस और पीएसी के जवान न्यायालय परिसर में चप्पे चप्पे पर मौजूद थे। एक वादकारी के पास से टूटा हुआ कैमरा बरामद हुआ तो पुलिस ने उसे बैठा लिया। उसका दर मोकाम पता करने के बाद उसे छोड़ा गया। कचहरी में दिन भर अफवाहें भी उड़ती रही। एसपी अतुल सक्सेना ने बताया कि खाकी के अलावा सादे में भी फोर्स अभियान में लगी थी।