विद्युत विभाग की मनमानी चरम पर है। अधिक लोड के बहाने हर आधे घंटे पर बिजली काट दी जा रही है। इससे लोगों में जबरदस्त नाराजगी है।
स्थिति यह है कि 12 घंटे में ही ट्रांसफार्मर फूंक जा रहे हैं। लोगों के चक्का जाम करने के बाद ही दूसरा ट्रांसफार्मर लग रहा है। रुहट्टा में आठ दिन में तीन बार ट्रांसफार्मर फुंक गया जिसको लेकर लोगों ने गुरुवार की रात में जमकर
हंगामा किया। त्रिलोचन बाजार में आए दिन ट्रांसफार्मर जलने से आक्रोशित लोगों ने सांसद का पुतला फूंका। बिजली विभाग का दावा है कि ग्रामीण इलाके में 10 घंटे और शहरी इलाके में 15 घंटे बिजली की आपूर्ति की जा रही है।
पर ग्रामीण इलाकों में तान से चार घंटे और शहरी इलाके में आठ से 10 घंटे ही बिजली मिल पा रही है। उसमें भी लो वोल्टेज और आधे आधे घंटे पर बिजली लोकल फाल्ट के नाम पर काट दी जा रही है।
रुहट्टा में लगा ट्रांसफार्मर एक सप्ताह में तीसरी बार जल गया। लोगों तीनों बार मोहल्ले के लोगों ने चक्का जाम कर हल्ला मचाया तो दूसरा ट्रांसफार्मर लगाया गया।
जलालपुर प्रतिनिधि के अनुसार बिजली की समस्या से जूझ रहे त्रिलोचन बाजार के लोगों ने शुक्रवार को सांसद राम चरित्र निषाद का पुतला फूंका। बाजार के लोगों का आरोप है कि त्रिलोचन बाजार में विद्युत सप्लाई के लिए 63 केवीए
का ट्रांसफार्मर लगाया गया है। ओवर लोड होने के कारण आएदिन ट्रांसफार्मर जल जाता है। विधायक ने इस ट्रांसफार्मर की क्षमता बढ़ाने का आश्वासन दिया लेकिन उनका वादा भी पूरा नहीं हुआ। पुतला फूंकने वालों में अनुराग
कुमार वर्मा, रत्नाकर चौबे, रवि रस्तोगी, संजय, गणेश चौहान, रीबू अग्रहरि, सचिन, करिया, संगम आदि मौजूद थे। उधर, चरमराई बिजली व्यवस्था से धान की फसल भी चौपट हो रही है। बक्शा के किसान हरिसेवक यादव का कहना
है कि मुश्किल से तीन या चार घंटे बिजली मिल पा रही है। करंजाकला के किसान रामजतन कहते हैं कि बारिश भी नहीं हो रही है। लगता है धान की फसल के लिए अब उम्मीद छोड़नी होगी।