अनुसूचित जाति का प्रमाण पत्र नहीं बनाने से नाराज धनगर (गड़ेरिया) व पाल समाज के लोगों ने मंगलवार को कलेक्ट्रेट परिसर में धरना दिया। जिसमें अनुसूचित जाति प्रमाण प्रत्र बनाने की मांग की। ऐसा नहीं होने पर आंदोलन तेज करने की चेतावनी दी।
धनगर महासभा के राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी धनगर ने कहा कि डा. भीमराव अम्बेडकर ने संविधान की जाति की सूची के क्रमांक 27 पर धनगरों (गड़ेरियों) का नाम दर्ज किया है।
उसी के आधार पर दिनांक 10 जुलाई 2006 को उच्च न्यायालय ने धनगरों का अनुसूचित जाति का प्रमाण पत्र बनाने आदेश दिया। प्रदेश सरकार ने भी 24 अक्टूबर 2013 को धनगर(गड़ेरिया) का अनुसूचित जाति का प्रमाण-पत्र बनाने का शासनादेश जारी किया है।
बावजूद इसके जिलाधिकारी द्वारा समस्त तहसीलदारों को धनगर व पाल समाज के लोगों का अनुसूचित जाति का प्रमाण पत्र बनाने का आदेश नहीं दे रहे हैं।
राष्ट्रीय लोकदल के प्रदेश अध्यक्ष मुन्ना सिंह चौहान ने कहा कि अगर मांगों को लेकर जेल भरने की आवश्यकता पड़ी तो उसमें पीछे नहीं हटेंगे।
उन्होंने कहा कि अगर प्रदेश सरकार ने निर्देश दिया है तो धनगरों का जाति प्रमाण पत्र बनना चाहिए।
धरने में पूर्वांचल प्रभारी बाबू राम पाल धनगर, जिलाध्यक्ष राजेश पाल धनगर,हरिओम पाल,विनोद पाल, पंकज पाल, कमलेश पाल धनगर, मनोज पाल धनगर,
अखिलेश पाल धनगर, सुबाष पाल धनगर, बंश बहादुर धनगर, नंद लाल धनगर, रामकिशोर धनगर बड़ेबाबू, पवन पाल धनगर, केदारनाथ पाल धनगर, राजकरन धनगर, बंशबहादुर धनगर, डा. अशोक पाल धनगर, अरूण पाल धनगर, विजय पाल धनगर आदि उपस्थित रहे।