मछलीशहर तहसील परिसर में अनशन पर बैठे जज सिंह अन्ना। स्रोत-संवाद
मछलीशहर। निजी अस्पतालों में प्रसूताओं एवं नवजात शिशुओं की बढ़ती मृत्यु की घटनाओं को लेकर बुधवार को सामाजिक कार्यकर्ता जज सिंह अन्ना ने तहसील परिसर में धरना दिया। उपजिलाधिकारी अजय कुमार उपाध्याय को ज्ञापन सौंप कर मामले में सख्ती बरतने की मांग उठाई है। एसडीएम और डिप्टी सीएमओ डॉ. प्रभात कुमार के आश्वासन पर शाम को धरना समाप्त हो गया।
ज्ञापन के माध्यम से मांग की है कि चिकित्सकीय लापरवाही से मौत के मामलों में पीड़ित परिवारों को 25 लाख क्षतिपूर्ति दिलाई जाय। प्रसव के दौरान शिशु की मौत होने पर 5 लाख मुआवजा दिया जाए। कार्रवाई के नाम पर अस्थाई रूप से सील नहीं किया जाना चाहिए, बल्कि अस्पतालों की जवाबदेही सुनिश्चित करने की मांग की है।
जज सिंह अन्ना ने चेतावनी दी कि शीघ्र प्रभावी कार्रवाई नहीं की गई तो तहसील परिसर स्थित एसडीएम कार्यालय के समक्ष अनिश्चितकालीन आमरण अनशन शुरू किया जाएगा। प्रशासन से अनुमति के लिए पत्र भी दिया गया है। वहीं उपजिलाधिकारी अजय कुमार उपाध्याय ने कहा कि अनशन समाप्त करा दिया गया। ज्ञापन मिला है उस पर समुचित कार्यवाही के लिए संबंधित विभाग को भेज दिया गया है।