जौनपुर। निजी विद्यालयों में शुल्क वसूलने के लिए अभिभावकों पर दबाव बनाने वाले विद्यालय के मान्यता रद्द करने की मांग को लेकर संघर्ष मोर्चा ने राज्यपाल को संबोधित ज्ञापन डीएम को सौंप कर विद्यालय के खिलाफ कार्यवाही किए जाने की मांग की। कोरोना संक्रमण के दौरान बंद चल रहे है ऐसे में तीन माह की फीस माफ किए जाने और कुलपति कार्यालय में व्याप्त भ्रष्टाचार पर अंकुश लगाने की मांग की।
डीएम को सौंपे गए ज्ञापन में संघर्ष मोर्चा के विकास तिवारी और अतुल सिंह ने कहा कि कुलपति कुलपति प्रो. राजाराम यादव अपने कर्तव्यों एवं दायित्वों का सही ढंग से निर्वहन नहीं कर रहे है। विश्विद्यालय के विकास कार्य, शिक्षक व कर्मचारी की नियुक्ति, वित्तीय लेनदेन तथा निर्माण कार्य में बड़े पैमाने पर अनियमितता हुई है। जिसकी जांच कराई जांच कराई जाए। कुलपति केवल व्यक्तिगत हितों को तवज्जो दे रहे हैं। कुलपति से हम आग्रह करते हैं अगर छात्र हित से सरोकार न रह गया हो तो तत्काल इस्तीफा दें दे।
संघर्ष मोर्चा के नेता दिव्यप्रकाश सिंह ने कहा कि कुलपति की मानसिकता विश्वविद्यालय और छात्रों के प्रति ठीक नहीं है। ज्ञापन देने वालों में संजय सोनकर, गोपाल, रुद्रेश त्रिपाठी रुद्र, रिसभ सिंह, सोनू यादव, अमन, अभिषेक यादव, निर्भय सिंह, अंकित यादव आदि उपस्थित रहे।