सुइथाकला। जिले की सुल्तानपुर की सीमा पर स्थित विजेथुआ हनुमान मंदिर परिसर मंगलवार को सुबह से ही पुलिस छावनी में तब्दील हो गया था। मंदिर पर कब्जा करने का एलान करने वाले शाम तक नहीं आए तो पुलिस ने राहत की सांस ली। मंदिर के अध्यक्ष की तहरीर पर पुलिस ने अज्ञात लोगों के खिलाफ मंदिर पर कब्जा करने और समाज को बांटने की कोशिश करने के आरोप में केस दर्ज कर लिया है।
सूरापुर बाजार सहित सुल्तानपुर जिले की अन्य बाजारों में भी रातो रात चस्पा किया गया एक पोस्टर पुलिस प्रशासन को हैरान कर दिया है। पोस्टर के माध्यम से किसी प्रेमचंद्र की ओर से अपील की गई है कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने जब हनुमान को दलित होने की बात कही है तो हनुमान मंदिर पर दलितों का कब्जा होना चाहिए। इसके लिए 11 दिसंबर को विजेथुआ धाम पर कब्जा करने का एलान किया गया था। पोस्टर में कहा गया है कि मंदिर को कब्जा करके उसे दलित धाम बनाया जाएगा तथा मंदिर में ब्राह्मणों का प्रवेश वर्जित होगा। इस विवादित पोस्टर से न सिर्फ पुलिस प्रशासन के कान खड़े हो गए बल्कि पंडा समाज में भी रोष है। मंदिर के अध्यक्ष राधेश्याम पांडेय ने स्थानीय पुलिस को लिखित तहरीर देकर मंदिर की सुरक्षा की मांग की थी। जिसके पश्चात पुलिस गंभीरता से लेते हुए बाजारों मे लगे पोस्टरों को हटवा दिया ऐलान करने वाले प्रेम चंद के निवास स्थान बानी थाना जयसिंहपुर सुल्तानपुर के घर पुलिस ने छापेमारी भी की लेकिन आरोपी नहीं मिला। प्रेमचंद्र के घर पर भी पुलिस तैनात कर दी गई है। कादीपुर के एसडीएम जयकरन कुशवाहा व क्षेत्राधिकारी डीपी शुक्ला भी पूरे दिन मंदिर परिसर में ही जमे रहे। किंतु देर शाम तक वहां कोई मंदिर कब्जा करने के लिए नहीं पहुंचा तो पुलिस प्रशासन ने राहत की सांस ली। मंदिर के अध्यक्ष राधेश्याम पांडेय की तहरीर पर सूरापुर कोतवाली में केस दर्ज कर लिया गया है।
मंदिर का अस्तित्व बचाने को एसडीएम को सौंपा पत्रक
सुईथाकला। मंदिर प्रशासन के अध्यक्ष राधेश्याम पांडेय ने उपजिलाधिकारी जयकरन कुशवाहा क्षेत्राधिकारी डीपी शुक्ला से शिकायत किया कि यह धाम पर्यटन स्थल धोषित है। परंतु कुछ मनबढ़ लोग मंदिर के पास दो भवन बना रहे हैं। यही नहीं पौराणिक धाम में स्थिति मकरी कुंड के पास शौचालय बना रहे। इसकी सूचना बारबार देने के वावजूद मनबढ़ों पर कोई कार्यवाही नहीं हो रहीं बल्कि रातो रात निर्माण कराया जा रहा है। मंदिर के अगल-बगल की भूमि का अस्तित्व खतरे में है । उपजिलाधिकारी ने मामले की जांच कराकर अबैध निर्माण को ध्वस्त करने का आश्वासन दिया है।