जौनपुर। तीन तलाक पीड़ित महिला को दोबारा अपनाने के लिए उसका पति उसपर हलाला का दबाव बना रहा है। पीड़ित महिला ने पुलिस अधीक्षक को प्रार्थना पत्र देकर न्याय की गुहार लगाई है। एसपी को दिए गए प्रार्थना पत्र में उसने हलाला के लिए दबाव बना रहे पति के खिलाफ केस दर्ज कर कार्रवाई की मांग की है। उसने कहा है कि पति उसे भले ही दोबारा न अपनाए लेकिन हलाल कर के वह अपनी बची हुई जिंदगी को नरक नहीं बनाना चाहती। पीड़ित महिला तीन बच्चों की मां है। हालांकि एसपी सिटी डा. अनिल पांडेय ऐसा कोई प्रार्थना पत्र मिलने से इनकार किया है।
एसपी को दिए गए प्रार्थना पत्र के मुताबिक खेतासराय निवासी पीड़ित महिला का पति शमीउल्लाह उसे मारपीट कर 22 दिसंबर 2014 को घर से निकाल दिया था। घर से निकाले जाने के बाद उसने गुजारा भत्ता के लिए कोर्ट की शरण ली। अदालत ने महिला के पति को आदेश दिया कि वह पत्नी को प्रति माह तीन हजार और बच्चों को एक एक हजार रुपये की दर से गुजारा भत्ता दे। कोर्ट के आदेश के बाद भी महिला को गुजारा भत्ता नहीं मिला तो उसने 16 फरवरी 2017 को अदालत में वसूली का मुकदमा दाखिल किया। दूसरे तरफ महिला के पति शमीउल्लाह ने पत्नी पर चरित्रहीनता का आरोप लगाते हुए विवाह विच्छेद का मुकदमा दाखिल कर दिया। पांच जून 2016 को दो गवाहों के सामने दिए गए तीन तलाक की प्रति उसने अदालत में दाखिल की। अदालत से भरण पोषण के मुकदमें में रिकवरी वारंट जारी होने पर पति कोर्ट में हाजिर हुआ। इसी बीच दोनों के बीच सुलह समझौते की बात चलने लगी। पीड़िता का आरोप है कि पति उसे और बच्चों को दोबारा अपनाने को राजी है लेकिन उसकी शर्त है कि दोबारा निकाह तभी करेंगे जब वह हलाला करेगी।
जफराबाद। स्थानीय थाना क्षेत्र के बशीरपुर गांव के पास मंगलवार को दोपहर गोमती नदी में नहाते समय डूबे किशोर का दूसरे दिन जमैथा गांव के पास शव बरामद हुआ। शव की तालास के लिए गोताखोर लगे थे।
बशीरपुर गांव निवासी इरशाद का बेटा अरबाज (15) मंगलवार को गांव में गोमती नदी में नहाते समय डूब गया था। उसकी तलाश के लिए पुलिस गोताखोरों की मदद से मंगलवार से ही लगी थी। बुधवार की शाम 7:30 बजे जमैथा गांव के पास किशोर का शव बरामद हुआ। शव मिलते ही घर में कोहराम मच गया। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।