करंजाकला। पूर्वांचल विश्वविद्यालय के गल्र्स हास्टल पर शनिवार की रात शराब के नशे में धुत एक कर्मचारी ने जमकर उत्पात मचाया। सूचना पर पहुंची पुलिस ने मामले को शांत कराया और कर्मचारी को किसी तरह हास्टल गेट से हटा दिया। हालांकि चीप प्राक्टर डा. संतोष सिंह ने ऐसी किसी घटना की जानकारी होने से इनकार किया।
गल्र्स हास्टल में शाम साढ़े छह बजे के बाद छात्राओं को न तो बाहर निकलने की अनुमति है और न ही बाहर से अंदर प्रवेश करने की अनुमति होती है। आरोप है कि सोमवार की रात करीब साढ़े नौ बजे विश्वविद्यालय का एक कर्मचारी दारू के नशे में धुत होकर एक छात्रा के साथ गल्र्स हास्टल पहुंचा। उसने महिला गार्ड पर दबाव बनाया कि वह छात्रा को अंदर दाखिल कर ले। दलील दी कि छात्रा उसकी रिश्तेदार है और खरीददारी के लिए शहर गई थी। जहां से लौटने में देर हो गई। महिला गार्ड ने ऊपर के अधिकारियों से पूछने के बाद ही छात्रा को इतनी रात को अंदर दाखिल करने की बात कही। इतने में ही दारू के नशे में धुत कर्मचारी महिला गार्ड पर भड़क गया। बवाल बढ़ता देख गार्ड ने हास्टल के अन्य अधिकारियों को सूचना दी। जिसपर सुपरवाइजर और कुछ और लोग भी आ गए। पहले लोगों ने कर्मचारी को समझाने का प्रयास किया लेकिन वह उन लोगों से भी उलझ गया तो किसी ने डायल 100 पर सूचना दे दी। थोड़ी ही देर में डायल 100 पुलिस और पूर्वांचल विश्वविद्यालय चौकी इंचार्ज भी मौके पर पहुंच गए। पुलिस ने जबरन कर्मचारी को वहां से हटाकर ले गई और छात्रा को हास्टल में जाने दिया तो मामला शांत हुआ। हालांकि विश्वविद्यालय प्रशासन ने ऐसी किसी घटना की जानकारी होने से इनकार किया है। चीफ प्राक्टर डा. संतोष सिंह का कहना है कि उन्हें ऐसी किसी घटना की जानकारी नहीं है।