फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

प्रशासन की ओर से हुई आर्थिक मदद की पहल

विज्ञापन
विज्ञापन

विज्ञापन
मछलीशहर। शुक्रवार की शाम अचानक आए आंधी तूफान से श्रीनेतगंज में घर की छत से उड़ी सीमेंट चद्दर की चपेट में आने से एक परिवार का चिराग बुझ गया। शनिवार को प्रशासन द्वारा पीड़ित परिवार को आर्थिक सहायता प्रदान करने की पहल की गई। तहसीलदार संतोष सोनकर मौके पर पहुंचकर पीड़ित परिवार को सांत्वना दिए। उधर बालक की मां और दोनों बहनों का रो रोकर बुरा हाल हो गया है।श्रीनेतगंज में आंधी तूफान की वजह से कमरे की छत पर लगा सीमेंट सेड उड़ गया। जिसकी चपेट में आने से 11 वर्षीय बालक धीरज उर्फ मनीष की मौत हो गई। मनीष अपने माता पिता का इकलौता पुत्र था। बड़ी दो बहनों से वह छोटा था। मनीष की मौत से घर में कोहराम मच हुआ है। मां सहित दोनों बहनों का रो रोकर बुरा हाल हो रहा है। माता रोते रोते बार बार बेहोश हो जा रही है। शनिवार सुबह घर पर लोगों का तांता लगा रहा है। मौके पर मौजूद मनीष के बड़े पिता विष्णु सहाय का कहना है कि आंधी तूफान आने पर वह मदद के लिए मुझे बुलाने आया था। मुझे बुलाकर घर की तरफ लौट रहा था कि अचानक कमरे पर रखा सीमेंट सेड उड़कर नीचे गिरा जिसकी चपेट में वह आ गया। चद्दर का एक टुकड़ा उसके गले में धंस गया जिससे उसकी मौत हो गई। शनिवार सुबह मौके पर हल्का लेखपाल नीलम ने पहुँचकर जानकारी ली। दोपहर में उपजिलाधिकारी विमल कुमार दुबे के निर्देश पर तहसीलदार संतोष सोनकर मौके पर पहुंचकर परिवार को सांत्वना दिए। उपजिलाधिकारी ने बताया कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट आते ही परिजनों को दैवीय आपदा राहत कोष से मिलने वाली अनुग्रह राशि स्वीकृत कर दी जाएगी।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें