मनरेगा का नाम बदले जाने के खिलाफ कांग्रेसियों ने कलेक्ट्रेट में किया प्रदर्शन। स्रोत : पार्टी
जौनपुर। केंद्र सरकार की ओर से मनरेगा का नाम बदले जाने से आक्रोशित कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने जिलाध्यक्ष डाॅ. प्रमोद कुमार सिंह के नेतृत्व में सोमवार को डीएम कार्यालय के सामने कलेक्ट्रेट परिसर में धरना-प्रदर्शन किया। इस दौरान राष्ट्रपति को प्रेषित ज्ञापन सिटी मजिस्ट्रेट इंद्रनंदन सिंह को सौंपा गया।
जिलाध्यक्ष डॉ. प्रमोद कुमार सिंह ने कहा कि संघ, भाजपा और मोदी सरकार बार-बार गांधी के नाम पर हमला करती रही है। यूपीए सरकार में देश की गारंटी के तहत महात्मा गांधी के रामराज्य व ग्राम स्वरोजगार के सपनों को पूरा करने के लिए मनरेगा कानून का निर्माण किया, जो गरीबों और मजदूरों को रोजगार देने में क्रांतिकारी रूप से सफल रहा। उन्होंने भाजपा सरकार पर आरोप लगाते हुए कहा कि मनरेगा में बदलाव सिर्फ गांधी के नाम को मिटाने की साजिश है।
मनरेगा की मूल अवधारणा को बदलकर मोदी सरकार ने गरीबों और मजदूरों का हक छीनने का काम किया है, यह सरकार पूंजीपतियों के इशारे पर मजदूरों के खिलाफ मनरेगा में संशोधन करके ठेकेदारी परंपरा को लागू करना चाहती है। संवाद