ईद-ए-गदीर के अवसर पर शिया मुस्लिम बाहुल्य क्षेत्रों में हर्षोल्लास से तेलावते कलाम-ए-पाक व दोआए नोदेबा, मौला अली (अ.स.) की शान में कसीदाखानी व तकरीर का आयोजन किया गया। मस्जिदों में नमाज-ए-गदीर एवं दोआखानी की गई। शिया जामा मस्जिद नवाब बाग कसेरी बाजार में नर्ज का आयोजन मुतवल्ली शेख अली मंजर डेजी के देख-रेख में हुई।
मौलाना फजले मुमताज खां ने कहा कि ईद-ए-गदीर शिया मुसलमान जिल्लहिजा की 18 तरीख को मनाते हैं। इसी दिन पैगम्बर-ए-इस्लाम हजरत मोहम्मद (स.अ.व.) ने हज से लौटते हुए कुम में गदीर के मैदान में सवा लाख हाजियों के दर मियान हजरत अली (अ.स.) को अपना उत्तराधिकारी बनाया। यह वाकया गदीर का जिक्र हदीसों की कई किताबों में दर्ज है।
यह सभी ईदों से बढ़कर ईद है। जौनपुर जनपद में ईद-ए-गदीर बड़े ही जोश खरोश के साथ मनाई गई। घरों में विशेष पकवान बनाया गया। मखदूम शाह अढन में तहसीन शाहिद के आवास पर महफिल व नर्ज का आयोजन हुआ। महफिल को डा. सैयद कमर अब्बास ने सम्बोधित किया। मोहल्ला चहारसू की मस्जिद में डा. राहिल व उनके साथियों की देख-रेख में महफिल व नज्र का आयोजन किया गया। यहां पर तकरीर मौलाना फजले मुमताज खां ने किया व शायरों ने कलाम प्रस्तुत किये। मुफ्ती मोहल्ला, सिपाह, पानदरीबा, कटघरा, बलुआ घाट, पुरानी बाजार, बाजार भुआ एवं शेख नुरूल हसन ममोरियल सोसाइटी मखदूम शाह अढन में संरक्षक शेख हसीन अहमद के नेतृत्व में नज्र का आयोजन हुआ।
जौनपुर अजादारी कौंसिल के कार्यालय नकी फाटक में अध्यक्ष सैयद मोहम्मद हसन के नेतृत्व में सदर इमामबाड़ा बेगमगंज, कल्लू का इमामबाड़ा, मस्जिद नया मकान सिपाह, हय्याला खैरल अमल दरीबा व अन्य शिया बाहुल्य मोहल्ले में ईद-ए-गदीर के अवसर पर नज्र, नयाज एवं महफिल व भोज का आयोजन किया गया। इस मौके पर असलम नकवी, मिर्जा जावेद सुल्तान, अंजुम सईद, एमएम हीरा, एएम डेजी, मास्टर वसीम हैदर, अजहर अब्बास आदि रहे।